Destination Jharkhand: 'राष्ट्रीय हितधारक परामर्श 2026' में गूंजा झारखंड का नाम, ₹99,639 करोड़ के निवेश और बंपर रोजगार पर बना मेगा प्लान

Destination Jharkhand: 'राष्ट्रीय हितधारक परामर्श 2026' में गूंजा झारखंड का नाम, ₹99,639 करोड़ के निवेश और बंपर रोजगार पर बना मेगा प्लान

देश की राजधानी नई दिल्ली के प्रतिष्ठित ताज पैलेस होटल में आयोजित दो दिवसीय 'राष्ट्रीय हितधारक परामर्श 2026' (National Stakeholders' Consultation 2026) में झारखंड ने वैश्विक निवेशकों का ध्यान अपनी ओर खींचकर एक नया इतिहास रच दिया है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अगुवाई में हुए इस हाई-प्रोफाइल महामंथन का मुख्य उद्देश्य राज्य को केवल खनिज संपदा वाले प्रदेश के रूप में ही नहीं, बल्कि आधुनिक तकनीकी, निवेश अनुकूल औद्योगिक नीतियों और अद्भुत प्राकृतिक सुंदरता के साथ "डेस्टिनेशन झारखंड" के रूप में स्थापित करना है। विजन 2050 को ध्यान में रखकर आयोजित किए गए इस कॉन्क्लेव में देश-विदेश के दिग्गज उद्योगपतियों, नीति निर्माताओं और तकनीकी विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया और राज्य में औद्योगिक विकास व रोजगार सृजन को लेकर एक ठोस रोडमैप तैयार किया।

14 ऐतिहासिक समझौतों (MoUs) के जरिए आएगा ₹99,639 करोड़ का भारी निवेश

इस दो दिवसीय राष्ट्रीय परामर्श का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक परिणाम यह रहा कि झारखंड सरकार ने विभिन्न क्षेत्रों के दिग्गज औद्योगिक घरानों के साथ कुल 14 ज्ञापनों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए। इनके जरिए राज्य में लगभग 99,639 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों को हरी झंडी दी गई है। यह भारी-भरकम निवेश मुख्य रूप से स्टील, मैन्युफैक्चरिंग, न्यूक्लियर पावर, रिन्यूएबल एनर्जी (सौर और पवन ऊर्जा) और बुनियादी ढांचे के विकास पर केंद्रित होगा। इस मेगा डील से राज्य के औद्योगिक इकोसिस्टम को अभूतपूर्व मजबूती मिलेगी और झारखंड देश के अग्रणी मैन्युफैक्चरिंग और एनर्जी हब की कतार में सबसे आगे खड़ा हो जाएगा।

डिजिटल शासन और अपनी पहली आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) नीति का एलान

बदलते दौर की आधुनिक तकनीकों के साथ कदम मिलाते हुए झारखंड सरकार ने शासन व्यवस्था में बड़ा बदलाव करने का एलान किया है। इस परामर्श के दौरान 'झारखंड आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) नीति 2026-2031' का मसौदा (Draft) दुनिया के सामने रखा गया। राज्य सरकार अगले 5 वर्षों में एआई इंफ्रास्ट्रक्चर और डिजिटल क्षमताओं को मजबूत करने के लिए ₹1,150 करोड़ का निवेश करेगी। इसके साथ ही 'मुख्यमंत्री डेटा इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म' (CM-DIP) की शुरुआत की जा रही है, जो सरकारी योजनाओं की रीयल-टाइम ट्रैकिंग करेगा। स्वास्थ्य, कृषि, शिक्षा और खनिज प्रशासन जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में एआई और डेटा एनालिटिक्स को लागू करके ₹10,000 करोड़ का अतिरिक्त निवेश आकर्षित करने का खाका तैयार किया गया है।

ग्लोबल पार्टनर्स की एंट्री; गूगल क्लाउड, सिंगापुर और हीरो साइकिल्स के साथ डील

झारखंड में निवेश को रफ्तार देने के लिए दुनिया की कई नामी-गिरामी टेक और औद्योगिक कंपनियों ने राज्य सरकार से हाथ मिलाया है। रणनीतिक पार्टनर्स की सूची में सिंगापुर हाई कमीशन, गूगल क्लाउड (Google Cloud), वाधवानी ग्रुप और ईजमायट्रिप (EaseMyTrip) जैसी वैश्विक संस्थाएं शामिल हैं। रांची के कोर कैपिटल एरिया में 100.97 एकड़ भूमि पर बनने वाले आधुनिक 'Ranchi IT Park' को मुख्य निवेश गंतव्य के रूप में प्रदर्शित किया गया, जो हर साल निकलने वाले 20,000 से अधिक स्थानीय आईटी ग्रेजुएट्स के लिए रोजगार के द्वार खोलेगा। इसके अलावा, हीरो साइकिल्स द्वारा इलेक्ट्रिक बाइसिकल मैन्युफैक्चरिंग और चिकित्सा शिक्षा को विश्वस्तरीय बनाने के लिए सिंगापुर के प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थानों के साथ बड़े एग्रीमेंट किए गए हैं।

सिर्फ खनिज ही नहीं, 5.85 करोड़ पर्यटकों वाला 'टूरिज्म हब' बनेगा झारखंड

इस महामंथन में झारखंड के पर्यटन क्षेत्र को एक बिल्कुल नए और आकर्षक कलेवर में पेश किया गया। पर्यटन और कौशल विकास मंत्री सुदिव्य कुमार ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि झारखंड की असली पहचान सिर्फ उसके खनिज और कोयला खदानों तक सीमित नहीं है, बल्कि यहां की प्राकृतिक सुंदरता, जलप्रपात और समृद्ध लोक संस्कृति इसकी असली ताकत हैं। साल 2024 में राज्य में रिकॉर्ड 5.85 करोड़ पर्यटकों का आगमन दर्ज किया गया था। इस रफ्तार को और बढ़ाने के लिए राज्य सरकार 'झारखंड पर्यटन नीति-2026', 'होमस्टे नीति' और 'डिजिटल सिंगल विंडो सिस्टम' लेकर आ रही है। पर्यटकों की सुरक्षा और विश्वस्तरीय सुविधाएं बढ़ाने के लिए टूरिज्म सेक्टर में निजी ऑपरेटरों को भारी छूट, स्टैम्प ड्यूटी माफी और बिजली शुल्क में 100% की छूट जैसे आकर्षक इंसेंटिव देने की घोषणा की गई है, जिससे सीधे तौर पर स्थानीय युवाओं के लिए लाखों नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।

Latest Posts