भर्ती में हुए 4 बड़े बदलाव, इस बार घटी कुल वैकेंसी लेकिन आंसर की आपत्ति शुल्क हुआ आधा; जानिए क्या-क्या बदला
कर्मचारी चयन आयोग (SSC) द्वारा देश भर के लाखों युवाओं के लिए बहुप्रतीक्षित कंबाइंड हायर सेकेंडरी लेवल यानी एसएससी सीएचएसएल (SSC CHSL 2026) परीक्षा का नया नोटिफिकेशन आधिकारिक रूप से जारी कर दिया गया है। सरकारी नौकरी की तैयारी में जुटे उम्मीदवारों के लिए यह भर्ती परीक्षा बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है, क्योंकि इसके जरिए केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों और विभागों में लोअर डिवीजन क्लर्क (LDC), जूनियर सचिवालय सहायक (JSA) और डाटा एंट्री ऑपरेटर (DEO) के पदों पर युवाओं का चयन किया जाता है। इस बार आयोग ने आवेदन प्रक्रिया के साथ-साथ परीक्षा पैटर्न और शुल्क से जुड़े नियमों में कुछ ऐसे बड़े बदलाव किए हैं जिनके बारे में हर आवेदक को फॉर्म भरने से पहले पूरी जानकारी होनी चाहिए। इस विस्तृत रिपोर्ट के माध्यम से आइए जानते हैं कि इस साल की सीएचएसएल भर्ती में क्या-क्या नए बदलाव किए गए हैं, कुल कितने पदों पर भर्ती निकली है और आवेदन से जुड़ी सभी जरूरी बातें क्या हैं।
एसएससी सीएचएसएल 2026 के नोटिफिकेशन में किए गए 4 सबसे बड़े और अहम बदलाव
इस बार के रिक्रूटमेंट प्रोसेस को और अधिक पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए आयोग ने नियमों में चार प्रमुख संशोधन किए हैं। सबसे पहला बड़ा बदलाव परीक्षा के पैटर्न में किया गया है जिसके तहत अब टियर-1 और टियर-2 परीक्षा में सेक्शनल टाइमर (Sectional Timers) की व्यवस्था को प्रभावी रूप से लागू कर दिया गया है। दूसरा अहम बदलाव आंसर की (Answer Key) को चुनौती देने वाले शुल्क में किया गया है, जिसे छात्रों की आर्थिक राहत को ध्यान में रखते हुए प्रति प्रश्न 100 रुपये से घटाकर सीधा 50 रुपये कर दिया गया है। तीसरा बदलाव हिंदी टाइपिंग टेस्ट के लिए है, जिसमें अब आधिकारिक तौर पर मंगल फॉन्ट (Mangal Font) के इस्तेमाल को अनिवार्य किया गया है। इसके अलावा चौथा बड़ा बदलाव वन-टाइम रजिस्ट्रेशन (OTR) और नए पोर्टल (ssc.gov.in) के जरिए पूरी तरह से आधुनिक डिजिटल ऑथेंटिकेशन को बढ़ावा देने का है, जिससे आवेदन प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की तकनीकी गड़बड़ी की गुंजाइश न रहे।
इस साल घटी कुल वैकेंसी: जानिए कितने पदों पर होगी भर्ती और क्या है इसका पूरा विवरण
हर साल सीएचएसएल के तहत आने वाले पदों की संख्या को लेकर छात्रों में भारी उत्सुकता रहती है, और इस बार आयोग द्वारा लगभग 2,536 टेंटेटिव (अस्थायी) रिक्तियों की घोषणा की गई है। पिछले कुछ वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो इस बार vacancies की संख्या में थोड़ी गिरावट देखने को मिली है, जिसके कारण प्रतियोगिता का स्तर और अधिक कड़ा होने की संभावना है। हालांकि, आयोग ने यह स्पष्ट किया है कि ये पद अभी संभावित हैं और विभिन्न मंत्रालयों तथा विभागों से मिलने वाली रिपोर्ट के आधार पर फाइनल रिजल्ट से पहले इनकी संख्या में संशोधन भी किया जा सकता है। एलडीसी और जेएसए के पद पे-लेवल 2 के अंतर्गत आते हैं, जबकि डीईओ के पद पे-लेवल 4 और 5 के तहत आते हैं, जिनके लिए सैलरी पैकेज बेहद आकर्षक होता है।
आंसर की आपत्ति शुल्क हुआ आधा, छात्रों को मिली बड़ी राहत
परीक्षा संपन्न होने के बाद जब प्रोविजनल आंसर की जारी की जाती थी, तो छात्रों को प्रत्येक गलत या संदिग्ध प्रश्न पर आपत्ति दर्ज कराने के लिए 100 रुपये प्रति प्रश्न की दर से फीस चुकानी पड़ती थी। छात्र संगठनों और लंबे समय से उठ रही मांगों को ध्यान में रखते हुए इस बार एसएससी ने इस शुल्क को आधा यानी मात्र 50 रुपये प्रति प्रश्न कर दिया है। इस कदम से उन उम्मीदवारों को बड़ी आर्थिक राहत मिलेगी जो एक से अधिक प्रश्नों पर अपनी आपत्ति दर्ज कराना चाहते हैं, क्योंकि कई बार अधिक शुल्क होने के कारण छात्र सही उत्तर होने के बावजूद आपत्ति दर्ज नहीं कर पाते थे।
आवेदन की महत्वपूर्ण तिथियां, आयु सीमा और योग्यता से जुड़ी जरूरी जानकारियां
एसएससी सीएचएसएल 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया आधिकारिक वेबसाइट ssc.gov.in पर शुरू हो चुकी है, और योग्य उम्मीदवार निर्धारित अंतिम तिथि तक अपना फॉर्म जमा कर सकते हैं। इस परीक्षा में शामिल होने के लिए आवेदक की न्यूनतम आयु 18 वर्ष और अधिकतम आयु 27 वर्ष तय की गई है, जिसमें आरक्षित श्रेणियों के नियमों के अनुसार ऊपरी आयु सीमा में नियमानुसार छूट का प्रावधान भी शामिल है। शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो मान्यता प्राप्त बोर्ड से 12वीं कक्षा (10+2) पास या समकक्ष परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले युवा इन पदों के लिए आवेदन करने के पात्र हैं। आवेदन शुल्क सामान्य, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस वर्ग के पुरुष उम्मीदवारों के लिए 100 रुपये रखा गया है, जबकि महिला उम्मीदवारों तथा एससी, एसटी और दिव्यांग वर्ग के सभी अभ्यर्थियों के लिए आवेदन पूरी तरह से निःशुल्क है। फॉर्म भरने के दौरान यदि कोई त्रुटि हो जाती है, तो उसके लिए करेक्शन विंडो भी निर्धारित समय पर खोली जाएगी ताकि छात्र अपने फॉर्म में सुधार कर सकें।