PM मोदी ने गांधीनगर-वाराणसी ट्रेन को दिखाई हरी झंडी, कहा- ये है नए भारत की नई पहचान

पश्चिम रेलवे के मंडल रेल प्रबंधक दीपक कुमार झा ने बृहस्पतिवार को कहा कि चूंकि वडनगर शहर ‘धरोहर सर्किट’ में आता है, इसलिए वहां के रेलवे स्टेशन की इमारत को 8.5 करोड़ रुपये की लागत से हेरिटेज लुक दिया गया है।

लखनऊ।। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पुनर्निर्मित वडनगर रेलवे स्टेशन का कल डिजिटल तरीके से उद्घाटन करेंगे, जहां वह बचपन में चाय बेचते थे। गुजरात के मेहसाणा जिले में स्थित यह कस्बा मोदी का गृहनगर है। उद्घाटन से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कार्यक्रम को संबोधित किया।

पश्चिम रेलवे के मंडल रेल प्रबंधक दीपक कुमार झा ने बृहस्पतिवार को कहा कि चूंकि वडनगर शहर ‘धरोहर सर्किट’ में आता है, इसलिए वहां के रेलवे स्टेशन की इमारत को 8.5 करोड़ रुपये की लागत से हेरिटेज लुक दिया गया है।

गुजरात सरकार के अधिकारियों ने कहा कि नवीनीकृत रेलवे स्टेशन के अलावा, मोदी कई अन्य परियोजनाओं का उद्घाटन करने वाले हैं, जिसमें पुनर्विकसित गांधीनगर रेलवे स्टेशन के ऊपर निर्मित एक पांच सितारा होटल और अहमदाबाद में साइंस सिटी में कुछ नए आकर्षण शामिल हैं। झा ने कहा कि ऑनलाइन कार्यक्रम के दौरान मोदी गांधीनगर-वरेथा मेमू ट्रेन को भी हरी झंडी दिखाएंगे।

झा ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में संवाददाताओं से कहा, ‘वडनगर रेलवे स्टेशन उस मार्ग पर पड़ने वाले प्रमुख स्टेशनों में से एक है। चूंकि यह हेरिटेज सर्किट का भी हिस्सा है, इसलिए पर्यटन मंत्रालय ने मौजूदा स्टेशन की इमारत और उसके प्रवेश द्वार को हेरिटेज लुक देने के लिए 8.5 करोड़ रुपये खर्च किए।’

उन्होंने कहा, ‘वरेथा मेहसाणा जिले का एक छोटा सा गांव है और प्रसिद्ध तरंगा हिल के करीब है, जो एक लोकप्रिय पर्यटक के साथ-साथ धार्मिक स्थान भी है। अभी तक मेहसाणा स्टेशन तरंगा पहाड़ी से मीटर गेज रेलवे लाइन के माध्यम से जुड़ा हुआ था।’

उन्होंने कहा, ‘चूंकि तरंगा हिल तक ब्रॉड गेज लाइन बिछाना तकनीकी रूप से संभव नहीं था, इसलिए हमने गेज को पहाड़ी से सिर्फ तीन किलोमीटर पहले वरेथा तक बदल दिया। शुक्रवार को, प्रधानमंत्री उस 54 किलोमीटर खंड का भी उद्घाटन करेंगे, जिसे ब्रॉड गेज में परिवर्तित कर दिया गया है और इस लाइन को विद्युतीकृत भी कर दिया गया है।’

वडनगर रेलवे स्टेशन के अंदर प्रधानमंत्री मोदी के पिता दामोदरदास मोदी की चाय की दुकान थी। बचपन के दिनों में, मोदी स्टेशन पर चाय बेचने में अपने पिता की मदद करते थे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button