img

Prabhat Vaibhav,Digital Desk : रामजन्मभूमि परिसर में होने वाले नवसंवत्सर समारोह को ऐतिहासिक और स्मरणीय बनाने की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव और विश्व हिंदू परिषद के केंद्रीय उपाध्यक्ष चंपत राय ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि समारोह में आमंत्रित किए जाने वाले सभी कारसेवकों और विशिष्ट अतिथियों को हर हाल में फरवरी महीने तक निमंत्रण पत्र भेज दिए जाएं।

कारसेवकपुरम में हुई अहम बैठक
सोमवार शाम कारसेवकपुरम स्थित आवास पर आयोजित बैठक में चंपत राय ने आयोजन से जुड़े ट्रस्ट, विहिप और आरएसएस के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के साथ तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि रामजन्मभूमि आंदोलन से जुड़े लोगों के सम्मान का यह बड़ा अवसर है, इसलिए किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए।

19 मार्च को वर्ष प्रतिपदा पर होगा आयोजन
उन्होंने बताया कि वर्ष प्रतिपदा के अवसर पर 19 मार्च को रामजन्मभूमि परिसर में नवसंवत्सर समारोह आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम को भव्य स्वरूप देने के लिए सभी को पूरे मनोयोग और समर्पण के साथ जुटने की आवश्यकता है।

भूले-बिसरे कारसेवकों को मिलेगा सम्मान
चंपत राय ने कहा कि यह समारोह उन भूले-बिसरे कारसेवकों को याद करने का अवसर है, जिनके लंबे संघर्ष और त्याग के कारण आज अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण संभव हो पाया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि आयोजन को पहले से कहीं अधिक व्यापक और प्रभावशाली बनाया जाए, ताकि हर कारसेवक खुद को सम्मानित महसूस करे।

सूचीबद्ध कर भेजे जाएंगे आमंत्रण
बैठक के दौरान उन्होंने अब तक चिह्नित किए गए मंदिर आंदोलन से जुड़े साथियों की संख्या और नामों की जानकारी भी ली। उन्होंने निर्देश दिया कि आमंत्रण सूची तैयार करते समय यह सुनिश्चित किया जाए कि आंदोलन से प्रत्यक्ष रूप से जुड़े किसी भी कारसेवक या सहयोगी का नाम छूटने न पाए।

ऑनलाइन और ऑफलाइन समन्वय पर जोर
चंपत राय ने बैठक में मौजूद और ऑनलाइन जुड़े सभी पदाधिकारियों से समन्वय बनाकर काम करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि नवसंवत्सर समारोह केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि रामजन्मभूमि आंदोलन के इतिहास और संघर्ष को सम्मान देने का प्रतीक होगा।