Prabhat Vaibhav, Digital Desk : पंजाब के पटियाला जिले के राजपुरा इलाके में रेलवे ट्रैक पर हुए धमाके ने राज्य की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस घटना में धमाका करने की कोशिश करने वाले व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पंजाब सरकार और विपक्ष के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है।
सरकार का पक्ष: "खुफिया एजेंसियां सक्रिय"
पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने इस घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राज्य की खुफिया एजेंसियां और पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही हैं।
कड़ी कार्रवाई का वादा: चीमा ने आश्वासन दिया कि जो भी इस साजिश के पीछे होगा, उसके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जांच का दायरा: पटियाला पुलिस, सरकारी रेलवे पुलिस (GRP) और रेलवे सुरक्षा बल (RPF) मिलकर वैज्ञानिक साक्ष्य जुटा रहे हैं।
विपक्ष के तीखे वार: NIA जांच की मांग
इस घटना को लेकर विपक्ष ने भगवंत मान सरकार को कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर घेर लिया है।
1. राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा - सुखजिंदर रंधावा:
कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने मुख्यमंत्री पर आरोप लगाया कि वे ऐसी घटनाओं को लेकर गंभीर नहीं हैं। उन्होंने कहा:
"पिछले तीन महीनों में यह दूसरी कोशिश है। यह देश के सबसे व्यस्त रेलवे मार्गों में से एक है, अगर धमाका सफल हो जाता तो भारी जानी नुकसान हो सकता था।"
रंधावा ने इस मामले में NIA (नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी) जांच की मांग की है।
2. सत्ता बचाने में जुटी सरकार - राजा वारिंग:
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वारिंग ने आरोप लगाया कि AAP सरकार का ध्यान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के बजाय केवल अपनी सत्ता बचाने और राजनीतिक हितों को साधने पर है।
अब तक की जांच में क्या मिला?
धमाका करने वाले की मौत: एसएसपी वरुण शर्मा के अनुसार, धमाका करने की कोशिश करने वाला व्यक्ति खुद इसकी चपेट में आ गया और मारा गया। पुलिस उसकी पहचान करने की कोशिश कर रही है।
अमृतपाल कनेक्शन की जांच: मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भी संकेत दिया है कि जांच में अमृतपाल सिंह से जुड़े कुछ नाम सामने आए हैं, हालांकि अंतिम पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।
कोई अन्य हताहत नहीं: राहत की बात यह रही कि रेलवे संपत्ति या किसी यात्री को कोई नुकसान नहीं पहुंचा।




