Prabhat Vaibhav,Digital Desk : पहाड़ी क्षेत्रों से लेकर मैदानी इलाकों तक, देशभर में शीत लहर की स्थिति लगातार बढ़ रही है। उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड, दिल्ली, हरियाणा और पंजाब के कई हिस्सों में घना कोहरा सुबह और रात के समय लोगों के लिए परेशानी का सबब बन रहा है। वहीं, भारत मौसम विभाग ने 19 से 21 दिसंबर तक उत्तर भारत के कई हिस्सों में कोहरे, शीत लहर और बेहद कम दृश्यता की चेतावनी जारी की है।
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में कोहरे की स्थिति और खराब होने की संभावना है। उत्तर प्रदेश और हरियाणा में सुबह के समय दृश्यता बहुत कम रहने की आशंका है, जिससे सड़क और रेल यातायात प्रभावित हो सकता है। 19 और 20 दिसंबर को पंजाब, बिहार और उत्तराखंड में भी घना से बहुत घना कोहरा छाने की संभावना है। कुछ क्षेत्रों में दृश्यता 100 मीटर से भी नीचे जा सकती है, जिसके कारण पर्यटकों को अत्यधिक सावधानी बरतनी होगी।
पश्चिमी विक्षोभ के कारण पहाड़ों में बारिश और हिमपात की आशंका है।
मौसम विज्ञानियों के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में मौसम में बदलाव आने की संभावना है। 20 से 22 दिसंबर तक इन क्षेत्रों में हल्की बारिश और हिमपात होने की आशंका है। 21 दिसंबर को कुछ उच्च ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भारी हिमपात भी संभव है, जिससे ठंड और बढ़ जाएगी और हिमपात का खतरा भी बढ़ जाएगा।
मैदानी इलाकों में शीतलहर की संभावना:
अगले दो दिनों में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में शीतलहर चलने की संभावना है। मैदानी इलाकों में न्यूनतम तापमान सामान्य से नीचे रहेगा। हाल ही में इंदौर में न्यूनतम तापमान 4.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस मौसम की गंभीरता का स्पष्ट संकेत है।
दिल्ली-एनसीआर में कोहरे और धुंध की दोहरी मार झेलनी पड़ रही है।
दिल्ली और आसपास के इलाकों में 18 से 21 दिसंबर तक कोहरा छाया रहने की आशंका है। सफदरजंग और पालम हवाई अड्डों पर दृश्यता कई बार 100 मीटर तक गिर गई है। तापमान में मामूली वृद्धि संभव है, लेकिन सुबह और रात के समय घने कोहरे से उड़ानों और यातायात में बाधा आ सकती है।
धुंध के कारण वायु गुणवत्ता में गिरावट आई है।
सर्दी और कोहरे के साथ-साथ दिल्ली में वायु प्रदूषण भी चिंता का विषय है। गुरुवार (18 दिसंबर, 2025) को राजधानी के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 से ऊपर पहुंच गया, जिससे वायु गुणवत्ता बेहद खराब श्रेणी में आ गई। श्वसन संबंधी समस्याओं से ग्रस्त लोगों को विशेष रूप से सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में ठंड का असर
उत्तर प्रदेश में लोगों के दैनिक जीवन पर पड़ रहा है। 19 दिसंबर को मौसम साफ रहने की संभावना है, जबकि कई जिलों में घना से बहुत घना कोहरा छाने की आशंका है। पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी ठंड पड़ सकती है। उत्तराखंड में ठंड का प्रकोप अधिक है। पहाड़ी क्षेत्रों में पाला पड़ने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है, वहीं मैदानी इलाकों में ठंड और कोहरे के कारण समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं। फसलों और सड़क यातायात पर भी इसका असर पड़ रहा है।




