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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : पंजाब में नशे और अवैध हथियारों के सौदागरों के खिलाफ अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सक्रिय दो बड़े तस्करी मॉड्यूल को ध्वस्त करते हुए 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से भारी मात्रा में हेरोइन और अत्याधुनिक विदेशी पिस्तौल बरामद की गई हैं। इस कार्रवाई ने एक बार फिर सीमा पार से चल रहे 'ड्रोन और ड्रग' नेटवर्क की पोल खोल दी है।

पाकिस्तान से कनेक्शन: सोशल मीडिया के जरिए रची जा रही थी साजिश

पुलिस की प्रारंभिक जांच में रोंगटे खड़े कर देने वाले खुलासे हुए हैं। गिरफ्तार किए गए आरोपी सीधे तौर पर पाकिस्तान स्थित तस्करों के संपर्क में थे। आपसी बातचीत के लिए ये तस्कर सुरक्षित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते थे। पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए हेरोइन और हथियारों की खेप भारतीय सीमा में गिराई जाती थी, जिसे ये आरोपी रिसीव कर पंजाब के अलग-अलग हिस्सों में सप्लाई करते थे।

बरामदगी का विवरण: ग्लॉक और जिगाना जैसी घातक पिस्तौलें मिलीं

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घातक हथियारों और नशीले पदार्थों का जखीरा बरामद किया है:

हेरोइन: 5.438 किलोग्राम (अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करोड़ों में)

हथियार: एक अत्याधुनिक ग्लॉक (Glock) 9mm, एक जिगाना (Zigana) 9mm और एक .32 बोर की पिस्तौल।

कारतूस: 34 जिंदा कारतूस और 4500 रुपये की ड्रग मनी।

कॉर्पोरेट स्टाइल में काम कर रहा था गिरोह: जिम्मेदारियां थीं तय

जांच में सामने आया है कि यह कोई साधारण गिरोह नहीं, बल्कि एक संगठित नेटवर्क था। गिरोह के हर सदस्य की जिम्मेदारी पहले से तय थी—खेप रिसीव करने वाले, स्टोर करने वाले और आगे सप्लाई करने वाले लोग अलग-अलग थे। पुलिस अब इस तस्करी श्रृंखला के 'फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंक्स' खंगाल रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि पंजाब में इन हथियारों और नशे का अंतिम खरीदार कौन था।

सुरक्षा पर सवाल: जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कार्रवाई जारी

सीमा पार से लगातार हो रही ड्रोन घुसपैठ ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। हालांकि, पंजाब पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशे और हथियारों के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की नीति जारी रहेगी। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ के बाद आने वाले दिनों में कुछ और बड़ी गिरफ्तारियां संभव हैं। फिलहाल सभी आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) और आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।