अमर योद्धा से रिटायर्ड जज तक, अमिताभ बच्चन ने पिछली 5 मूवीज में निभाए दमदार रोल, OTT पर घर बैठे उठाएं आनंद
भारतीय सिनेमा जगत में जब भी अभिनय के शिखर और अनुशासन की बात होती है, तो सबसे पहला नाम सदी के महानायक अमिताभ बच्चन का ही जुबान पर आता है। पिछले पांच दशकों से भी ज्यादा समय से सिल्वर स्क्रीन पर अपनी भारी-भरकम आवाज, दमदार शख्सियत और बेजोड़ अभिनय का जादू बिखेर रहे अमिताभ बच्चन आज भी अपनी उम्र को मात देते हुए लगातार नए और चुनौतीपूर्ण किरदार निभा रहे हैं। हाल के कुछ सालों में उन्होंने जिस तरह के अलग-अलग जॉनर और किरदारों को चुना है, उसने एक बार फिर साबित कर दिया है कि उन्हें 'बॉलीवुड का शहंशाह' क्यों कहा जाता है। कभी इतिहास के पन्नों से निकले एक अमर योद्धा के रूप में तलवार थामना तो कभी अदालत की चारदीवारी में कानून की धज्जियां उड़ाने वाले मुजरिमों को सजा देने वाला एक सख्त रिटायर्ड जज बनना, बिग बी ने हर बार अपनी परफॉर्मेंस से दर्शकों को हैरान किया है। यदि आप भी वीकेंड पर या अपने फुर्सत के पलों में घर बैठे सिनेमा का असली आनंद लेना चाहते हैं, तो ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर स्ट्रीम हो रही अमिताभ बच्चन की ये हालिया 5 बेहतरीन फिल्में आपके लिए किसी बेहतरीन तोहफे से कम नहीं हैं जिन्हें आपको एक बार जरूर देखना चाहिए।
'कल्कि 2898 एडी' (2024): अमर योद्धा अश्वत्थामा के रूप में अमिताभ बच्चन का वह दैवीय और खूंखार अवतार जिसने सिनेमाघरों में मचाया था तहलका
नाग अश्विन के निर्देशन में बनी साल 2024 की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर और साइंस-फिक्शन महागाथा 'कल्कि 2898 एडी' में अमिताभ बच्चन ने अमर योद्धा 'अश्वत्थामा' का ऐसा शानदार किरदार निभाया जिसे देखकर दर्शक दांतों तले उंगली दबाने पर मजबूर हो गए। महाभारत काल के शापित अमर पात्र के रूप में जब बिग बी ने सिल्वर स्क्रीन पर एंट्री ली, तो उनके लंबे बालों, उम्र के झुर्रियों वाले चेहरे और आंखों में जलती आग ने पूरे सिनेमाघर में रोंगटे खड़े कर दिए थे। इस फिल्म में उन्होंने जिस तरह के खतरनाक और जानलेवा एक्शन सीक्वेंस किए, उन्हें देखकर यकीन ही नहीं होता कि अभिनेता की उम्र उस दौरान 80 के पार थी। प्रभास और दीपिका पादुकोण जैसे कलाकारों से सजी इस फिल्म में अमिताभ बच्चन का अभिनय फिल्म की असली रीढ़ साबित हुआ। आज भी यह फिल्म ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर दर्शकों के बीच उतनी ही चाव से देखी जा रही है और इसे भारतीय सिनेमा के इतिहास के सबसे बेहतरीन कैरेक्टर पोर्ट्रेल में गिना जाता है।
'ब्रह्मास्त्र: पार्ट वन - शिवा' (2022): गुरु के रूप में अस्त्रों की रक्षा करने वाले एक ज्ञानी और शक्तिशाली मार्गदर्शक की भूमिका
अयान मुखर्जी द्वारा निर्देशित फैंटेसी और माइथोलॉजी से भरपूर फिल्म 'ब्रह्मास्त्र' में अमिताभ बच्चन ने 'गुरु' यानी अरविंद चतुर्वेदी का एक ऐसा किरदार निभाया जो अस्त्रों की दुनिया का रखवाला और युवाओं का मार्गदर्शक है। इस फिल्म में रणबीर कपूर और आलिया भट्ट मुख्य भूमिकाओं में थे, लेकिन जब-जब पर्दे पर अमिताभ बच्चन का प्रवेश होता था, फिल्म का वजन और गंभीरता पूरी तरह से बदल जाती थी। अस्त्रों के उस रहस्यमयी गुरुकुल के मुखिया के रूप में उनका संयमित, गंभीर और अनुशासन से भरा हुआ अंदाज दर्शकों के दिलों में गहरी छाप छोड़ गया। एक तरफ जहां फिल्म के वीएफएक्स और आधुनिक तकनीक की चर्चा थी, वहीं दूसरी तरफ बिग बी की मजबूत आवाज और उनका अभिनय इस बात का प्रमाण था कि वे आज भी किसी भी कमर्शियल या फैंटेसी जॉनर की फिल्म को अपने दम पर संभाल सकते हैं। ओटीटी पर बच्चों और परिवार के साथ देखने के लिए यह फिल्म एक बेहतरीन विकल्प है।
'चेहरे' (2021): एक रिटायर्ड जज और न्याय की अदालत का वह खौफनाक खेल जिसने दर्शकों के होश उड़ा दिए थे
रूमी जाफरी द्वारा निर्देशित मिस्ट्री थ्रिलर फिल्म 'चेहरे' में अमिताभ बच्चन ने 'लेटरल जस्टिस' यानी एक रिटायर्ड जज 'ूलतीफ रिजवी' की भूमिका निभाई थी, जो एक बर्फीली वादी में अपने दोस्तों के साथ एक काल्पनिक कोर्ट रूम ड्रामा का खेल खेलते हैं। इस फिल्म में इमरान हाशमी और रिया चक्रवर्ती भी अहम भूमिकाओं में थे, लेकिन पूरी फिल्म की जान अमिताभ बच्चन के तीखे संवाद और उनका वो मर्मस्पर्शी अभिनय था। जब एक रिटायर्ड जज के रूप में वे अदालत की कुर्सी पर बैठकर समाज और न्याय व्यवस्था की कमियों पर बहस करते हैं, तो देखने वालों की आंखें खुली की खुली रह जाती हैं। फिल्म की कहानी सस्पेंस और साइकोलॉजिकल थ्रिल से भरी हुई है, जो अंत तक आपको अपनी सीट से बांधे रखती है। ओटीटी पर थ्रिलर फिल्मों के शौकीनों के लिए यह एक मस्ट वॉच मूवी है।
'गुलाबो सिताबो' (2020): मकान मालिक और किराएदार की उस नोंकझोक भरी दुनिया का बेजोड़ और शोषित करने वाला किरदार
शूजीत सरकार के निर्देशन में ओटीटी प्लेटफॉर्म पर सीधे रिलीज हुई कॉमेडी-ड्रामा फिल्म 'गुलाबो सिताबो' में अमिताभ बच्चन ने लखनऊ के एक बूढ़े, कंजूस और अपने मकान के लिए जान छिड़कने वाले मकान मालिक 'मिर्जा चुन्ने बांका' का किरदार निभाया था। इस फिल्म में उनके साथ आयुष्मान खुराना भी नजर आए थे। प्रोस्थेटिक मेकअप के जरिए अमिताभ बच्चन को पहचान पाना भी मुश्किल हो गया था और उनका वह लखनवी लहजा, चाल-ढाल और बात करने का अनोखा ढंग दर्शकों को हंसा-हसाकर लोटपोट कर देने के लिए काफी था। एक तरफ जहां फिल्म में सामाजिक और पारिवारिक रिश्तों की कड़वाहट को दिखाया गया है, वहीं दूसरी तरफ अमिताभ बच्चन की कॉमिक टाइमिंग और अभिनय का अलग ही रूप देखने को मिला। क्रिटिक्स द्वारा इस फिल्म को साल की सबसे बेहतरीन फिल्मों में गिना गया था।
'बदला' (2019): एक तेज-तर्रार और कभी न हार मानने वाले वकील के रूप में अमिताभ बच्चन का वह शातिर दिमाग खेल
सुजोय घोष द्वारा निर्देशित सस्पेंस थ्रिलर फिल्म 'बदला' में अमिताभ बच्चन ने डिफेंस वकील 'बादल गुप्ता' की भूमिका निभाई थी, जो जिंदगी में कभी कोई केस नहीं हारा है। तापसी पन्नू के साथ उनकी यह जोड़ी पर्दे पर कमाल कर गई थी। एक बंद कमरे में चलने वाली पूछताछ और हर पल बदलते रहस्यों के बीच अमिताभ बच्चन का वह शांत, गंभीर और बेहद शातिर अंदाज दर्शकों को सोचने पर मजबूर कर देता है कि आखिर सच क्या है। इस फिल्म का हर एक सीन और हर एक डायलॉग दर्शकों को आखिरी पल तक बांधे रखता है। अगर आपको ऐसी फिल्में पसंद हैं जो आपके दिमाग के घोड़े दौड़ा दें, तो ओटीटी पर यह थ्रिलर फिल्म आपके लिए एकदम परफेक्ट है।