img

Prabhat Vaibhav,Digital Desk : उत्तर प्रदेश विधानसभा में मंगलवार को उस वक्त असहज स्थिति बन गई, जब शोक प्रस्ताव के दौरान एक भाजपा विधायक का मोबाइल फोन घनघना उठा। सदन की गंभीर कार्यवाही के बीच मोबाइल बजने पर विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने कड़ा रुख अपनाते हुए तत्काल फोन जब्त करा लिया। यह मामला बजट सत्र के दूसरे दिन सामने आया, जिसने सदन की मर्यादा को लेकर नई बहस छेड़ दी।

दिवंगत विधायकों को दी जा रही थी श्रद्धांजलि
मंगलवार को विधानसभा में बरेली की फरीदपुर सीट से विधायक रहे प्रोफेसर श्याम बिहारी लाल और सोनभद्र की दुद्धी सीट से विधायक विजय सिंह के निधन पर शोक प्रस्ताव रखा गया। नेता सदन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दोनों दिवंगत नेताओं के योगदान को याद करते हुए शोक प्रस्ताव प्रस्तुत किया। सत्ता पक्ष और विपक्ष के सभी सदस्यों ने खड़े होकर श्रद्धांजलि दी और कुछ क्षण का मौन रखकर दिवंगत आत्माओं को नमन किया।

प्रो. श्याम बिहारी लाल और विजय सिंह के योगदान को किया गया याद
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रो. श्याम बिहारी लाल मिलनसार, शिक्षित और जमीन से जुड़े जनप्रतिनिधि थे। उन्होंने समाज के सभी वर्गों के विकास के लिए काम किया और क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार में अहम भूमिका निभाई। वहीं दुद्धी विधायक विजय सिंह को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वह जनजातीय समाज की सशक्त आवाज थे और जंगल, जमीन व जनहित से जुड़े मुद्दों को हमेशा प्राथमिकता देते रहे।

विपक्ष और सहयोगी दलों ने भी जताई संवेदना
नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय ने कहा कि प्रो. श्याम बिहारी के निधन से सदन उनके अनुभव और ज्ञान से वंचित हो गया है। उन्होंने विजय सिंह की सादगी और सिद्धांतों की सराहना की। अपना दल, रालोद, सुभासपा, निषाद पार्टी, कांग्रेस और जनसत्ता दल लोकतांत्रिक के नेताओं ने भी दोनों दिवंगत विधायकों के निधन को अपूरणीय क्षति बताते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की।

शोक प्रस्ताव के बीच बजा मोबाइल, स्पीकर सख्त
इसी दौरान फतेहपुर सीकरी से भाजपा विधायक चौधरी बाबूलाल का मोबाइल फोन शोक प्रस्ताव के समय बज उठा। इस पर विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने कड़ी नाराजगी जताई और तुरंत सुरक्षा कर्मी को बुलाकर विधायक का मोबाइल फोन जब्त करा लिया। सदन की कार्यवाही समाप्त होने के बाद विधायक द्वारा माफी मांगे जाने पर अध्यक्ष ने उनका मोबाइल फोन वापस कराया।

बुधवार तक स्थगित हुई विधानसभा
शोक प्रस्ताव और श्रद्धांजलि के बाद विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि पूरा सदन शोकाकुल है और दिवंगत विधायकों के परिवारों के प्रति संवेदनाएं प्रेषित की जाती हैं। इसके साथ ही विधानसभा की कार्यवाही बुधवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।