18 लाख रुपये के भारी कर्ज में डूबे थे दो भाई, दुकान बंद करने की आई थी नौबत

18 लाख रुपये के भारी कर्ज में डूबे थे दो भाई, दुकान बंद करने की आई थी नौबत

भारतीय व्यवसाय जगत और फूड लवर्स के बीच सफलता की एक ऐसी प्रेरणादायक और हैरान कर देने वाली कहानी चर्चा का विषय बनी हुई है, जो यह साबित करती है कि किस्मत पलक झपकते ही कैसे किसी की पूरी जिंदगी बदल सकती है। मुंबई के चेंबूर इलाके में एक छोटा सा छोले भटूरे का रेस्तरां चलाने वाले दो सगे भाइयों—जसपाल सिंह खालसा और महिंदर सिंह खालसा—के लिए एक समय ऐसा आया था जब उनका कारोबार पूरी तरह से बर्बाद होने की कगार पर पहुंच चुका था। लगातार हो रहे घाटे और वित्तीय संकट के चलते दोनों भाइयों पर लगभग 18 लाख रुपये का भारी-भरकम कर्ज हो चुका था, और स्थिति इतनी बदतर हो चुकी थी कि उन्होंने सितंबर 2022 में अपनी इस दुकान को हमेशा के लिए बंद करके दुकान का आखिरी किराया और ग्रॉसरी का बकाया चुकाने का मन बना लिया था। लेकिन कहते हैं ना कि जब इंसान की उम्मीदें पूरी तरह टूट जाती हैं, तबस्किस्मत कोई ऐसा रास्ता खोलती है जिसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की होती। बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री अनुष्का शर्मा (Anushka Sharma) और भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली (Virat Kohli) के एक छोटे से आर्डर और सोशल मीडिया पोस्ट ने इन दोनों भाइयों की किस्मत का ऐसा चक्र घुमाया कि रातों-रात उनके छोटे से फूड स्टॉल पर ग्राहकों का सैलाब उमड़ पड़ा। जो रेस्तरां कुछ दिनों बाद बंद होने वाला था, आज वह मुंबई के कई इलाकों में अपने मल्टी-आउटलेट्स के जरिए करोड़ों रुपये की कमाई कर रहा है। आइए विस्तार से जानते हैं कि इस संघर्ष और कामयाबी के पीछे की पूरी अनकही कहानी क्या है और कैसे एक सेलिब्रिटी कनेक्शन ने डूबते हुए बिजनेस को आसमान की बुलंदियों पर पहुंचा दिया।

मुंबई जैसे महानगर में अपना खुद का रेस्टोरेंट शुरू करना किसी बड़े जोखिम से कम नहीं होता है, खासकर तब जब आपके पास পুঁजी सीमित हो और बाजार में टिके रहने का कड़ा मुकाबला हो। जसपाल और महिंदर ने अक्टूबर 2021 में चेंबूर के कैंप एरिया में 'दिल्ली से' (Delhi Se) नाम से एक छोटा सा रेस्तरां शुरू किया था, जो महज 250 वर्ग फीट की जगह में तीन टेबल और नौ सीटों के साथ चलता था। शुरुआत में सब कुछ ठीक ठाक लगा, लेकिन धीरे-धीरे बढ़ती लागत, कोरोना के बाद के प्रभाव और ग्राहकों की कमी के कारण उनकी बिक्री सिमट कर रह गई। स्थिति यह आ गई कि महीने भर की बिक्री बमुश्किल एक से डेढ़ लाख रुपये तक ही पहुंच पाती थी, जिससे दुकान का खर्च चलाना भी असंभव हो गया था। कर्ज का यह बोझ लगातार बढ़ता गया और सितंबर 2022 आते-आते भाइयों ने यह तय कर लिया कि अब इस घाटे के सौदे को और आगे नहीं खींचा जा सकता। लेकिन सितंबर के महीने में हुए एक अप्रत्याशित घटनाक्रम ने इस कहानी का रुख पूरी तरह मोड़ दिया। आइए जानते हैं कि वह कौन सा टर्निंग पॉइंट था जब एक मशहूर कॉमेडियन की एंट्री से इस बिजनेस की गाड़ी पटरी पर लौटी।

स्टैंड-अप कॉमेडियन अभिषेक उपमन्यु के जरिए अनुष्का शर्मा तक कैसे पहुंचा जायका?

यह चमत्कारिक बदलाव तब शुरू हुआ जब सितंबर 2022 में प्रसिद्ध स्टैंड-अप कॉमेडियन अभिषेक उपमन्यु इत्तेफाक से चेंबूर स्थित इस छोटे से रेस्तरां में छोले भटूरे खाने पहुंचे। उन्हें वहां का स्वाद इतना अधिक पसंद आया कि उन्होंने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर इसकी एक स्टोरी शेयर कर दी। संयोगवश, अभिनेत्री अनुष्का शर्मा लंबे समय से मुंबई में बिल्कुल दिल्ली जैसे प्रामाणिक और लजीज छोले भटूरे की तलाश कर रही थीं। जब उन्होंने अभिषेक उपमन्यु की सोशल मीडिया स्टोरी देखी, तो उन्होंने अपनी टीम के जरिए उस रेस्तरां से संपर्क करने का फैसला किया। शुरुआत में जब दुकान के मालिक जसपाल के पास फोन आया कि वे विराट कोहली और अनुष्का शर्मा के घर के लिए छोले भटूरे का आर्डर चाहते हैं, तो उन्हें लगा कि शायद कोई उनके साथ भद्दा मजाक कर रहा है। जसपाल ने फोन उठाने वाले कर्मचारी से यहां तक कह दिया कि वे एडवांस पेमेंट और बैंक डिटेल के बिना इस तरह के किसी भी आर्डर को नहीं मानेंगे, क्योंकि उन्हें विश्वास ही नहीं हो रहा था कि एक छोटा सा स्थानीय विक्रेता होने के नाते उनके पास देश के इतने बड़े सेलिब्रिटी का आर्डर आ सकता है। लेकिन जब कॉलर ने पूरी विनम्रता से उन्हें समझाया कि यह ऑर्डर पूरी तरह वास्तविक है, तो भाइयों ने अपनी एक टीम तय पते पर छोले भटूरे लेकर भेजी।

अनुष्का शर्मा के एक इंस्टाग्राम पोस्ट ने कैसे बदल दी रातों-रात किस्मत?

जब डिलीवरी सफलतापूर्व पहुंच गई और अनुष्का शर्मा ने उन छोले भूरों का लुत्फ उठाया, तो उन्होंने अक्टूबर 2022 में अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम हैंडल पर कई स्टोरी शेयर करते हुए अपनी खुशी जाहिर की। उन्होंने लिखा कि आखिरकार मुंबई में उन्हें दिल्ली जैसे स्वाद वाले छोले भटूरे मिल ही गए और उन्होंने इसके लिए अभिषेक उपमन्यु तथा उस छोटे से रेस्तरां का विशेष रूप से शुक्रिया अदा किया:

  • ग्राहकों का रेला और पुलिस बुलानी पड़ी: अनुष्का शर्मा के उस एक सिंगल सोशल मीडिया पोस्ट का असर यह हुआ कि महज आधे घंटे के भीतर रेस्तरां के बाहर ग्राहकों की लंबी लाइन लग गई। भीड़ इतनी ज्यादा बढ़ गई कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस तक को वहां आना पड़ गया।

  • सामग्री की भारी किल्लत: दुकान के पास इतने बड़े पैमाने पर स्टॉक तैयार करने की क्षमता नहीं थी, तब भाइयों ने आसपास के पड़ोसियों और स्थानीय लोगों से मदद मांगी और कहा कि वे अपने घरों में छोले भिगो दें जिसे वे खुद जाकर एकत्र करेंगे।

  • उत्पादन में 200 गुना से ज्यादा की छलांग: जो रेस्तरां पहले दिन भर में बमुश्किल 8 किलोग्राम छोले इस्तेमाल करता था, उसने कुछ ही दिनों में अपनी खपत को बढ़ाकर 100 किलोग्राम से भी अधिक कर दिया।

आज करोड़ों में खेल रहा है बिजनेस और चार जगह खुल चुके हैं आउटलेट्स

संघर्ष के दिनों को पीछे छोड़ते हुए आज 'दिल्ली से' ब्रांड मुंबई के फूड सेक्टर में एक जाना-पहचाना नाम बन चुका है। चेंबूर से शुरू हुआ यह छोटा सा स्टॉल आज मुंबई के विभिन्न प्रमुख इलाकों जैसे मुलंद, अंधेरी वेस्ट और वाशी समेत कुल चार शानदार आउटलेट्स में तब्दील हो चुका है। भाइयों के अनुसार, वर्तमान में उनके सभी आउटलेट्स को मिलाकर रोजाना 3,000 से अधिक प्लेट छोले भटूरे बिकते हैं और अब वे रोजाना लगभग 125 किलोग्राम कच्चे छोले भिगोते हैं, जो पकने के बाद लगभग एक टन हो जाते हैं। कभी 18 लाख रुपये के कर्ज के तले दबकर अपनी दुकान बंद करने की कगार पर खड़े इन दो भाइयों का मासिक कारोबार अब बढ़कर लगभग 2 करोड़ रुपये तक पहुंच चुका है। यह कहानी इस बात का सबसे बड़ा उदाहरण है कि कड़ी मेहनत, गुणवत्ता और थोड़ा सा किस्मत का साथ मिल जाए तो इंसान फर्श से अर्श तक का सफर तय कर सकता है।