कोरोना काल की सबसे अनूठी शादी, मेहमानों को भेंट स्वरूप दिए ये चमत्कारी पौधे

पौधे तैयार करने के लिए प्लास्टिक की थैली के स्थान पर पूजन के लिए लाए गए नारियल के खाली खोल का उपयोग ज्यादा किया गया। बारात में दूल्हे सहित केवल 11 लोग ही आए थे और कुल 31 मेहमान शामिल हुए।

जयपुर।। कोरोना जैसी वैश्विक मानवीय आपदा में साधन व संसाधनों के अभाव के बावजूद साधारण परिवार की एक बेटी ने अपने विवाह के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में नवाचार करते हुए उदाहरण प्रस्तुत किया है। कल्पतरू संस्थान के द जयपुर गार्डनर अभियान का पिछले सात वर्षों से संचालन कर रही वॉलिंटियर मोनिका जांगिड़ ने सरकार की ओर से निर्धारित गाइडलाइन की पालना करते हुए मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग और सैनेटाइजर की तो उचित व्यवस्था की ही, साथ ही अपने हाथों से तुलसी और गिलोय के 31 पौधे तैयार कर मेहमानों को भी भेंट किए।

पौधे तैयार करने के लिए प्लास्टिक की थैली के स्थान पर पूजन के लिए लाए गए नारियल के खाली खोल का उपयोग ज्यादा किया गया। बारात में दूल्हे सहित केवल 11 लोग ही आए थे और कुल 31 मेहमान शामिल हुए। राजस्थान भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. सतीश पूनियां ने भी पत्र लिखकर मोनिका को बेटी संबोधित करते हुए भावी गृहस्थ जीवन की मंगल कामनाएं दी है। उन्होंने बेटियों को अनमोल बताते हुए मोनिका के लिए टवीट् भी किया। असल में, मोनिका जांगिड़ एक सामान्य परिवार से आती है। उनके पिता फर्नीचर का काम करते हैं।

सदैव विवाह समारोह से दूरी बनाए रखने वाले ट्रीमैन ऑफ इंडिया के नाम से मशहूर पर्यावरणविद विष्णु लाम्बा भी इस समारोह में मेहमानों की आवभगत में जुटे रहे। मोनिका ने एक साक्षात्कार में ट्रीमैन लांबा को अपना आदर्श बताया था। पूर्व में भी सराहनीय सेवाओं के लिए हिमाचल के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, उत्तराखंड की राज्यपाल बेबी रानी मौर्य, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. सतीश पूनियां, वन मंत्री राजकुमार रिणवा, जयपुर सांसद रामचरण बोहरा सहित कई दिग्गज विभिन्न अवसरों पर मोनिका का मनोबल बढ़ा चुके हैं। वे पिछले सात वर्षों से संस्थान की सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में अपनी निस्वार्थ सेवाएं दे रही हैं।

मोनिका ने बताया कि समारोह में पौध वितरण को लेकर कुछ लोगों ने परंपरा ना होने की हिदायत देकर नाराजगी व्यक्त की लेकिन मेरे समझाने पर उन्हें भी समझ में आ गया कि वर्तमान दौर में मानव कल्याण के लिए तुलसी और गिलोय अमृत के समान कार्य कर रहे हैं जिसे घर-घर में उगाया जाना चाहिए। यह पौधे रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के साथ-साथ ऑक्सीजन की कमी को भी पूरा करते हैं।

शनिवार को मोनिका की शादी संपन्न हो गई। गौरतलब है कि मोनिका जांगिड़ ने स्वयं ही सैकड़ों मास्क तैयार कर श्री कल्पतरू संस्थान से जुड़े अपने साथी कार्यकर्ताओं के साथ वितरित किए हैं। वे अब तक सात वर्षों में दस हज़ार पौधे लगाकर उन्हें संरक्षित भी कर चुकी है।

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