Prabhat Vaibhav,Digital Desk : हर व्यक्ति चाहता है कि उसका घर खुशियों और सकारात्मकता से भरा रहे। लेकिन कई बार अनजाने में कुछ ऐसी नकारात्मक शक्तियां या ऊर्जाएं हमारे घर में प्रवेश कर जाती हैं, जो न केवल मानसिक शांति भंग करती हैं बल्कि पूरे परिवार की प्रगति को भी रोक देती हैं। वास्तु शास्त्र के अनुसार, जब घर में वास्तु दोष होता है या कुंडली में राहु-केतु की स्थिति प्रतिकूल होती है, तो नकारात्मकता का प्रभाव बढ़ने लगता है।
अगर आपको भी अपने घर में कुछ अजीब महसूस हो रहा है, तो इन चार प्रमुख संकेतों को नजरअंदाज न करें।
घर में नकारात्मक ऊर्जा के ये हैं 4 बड़े संकेत
1. अकारण डर और किसी की मौजूदगी का अहसास
क्या आपको घर में कदम रखते ही अचानक बेचैनी या डर महसूस होता है? यदि आपको ऐसा लगे कि कोई आपके आसपास है या कोई धीमी आवाज में आपको पुकार रहा है, तो यह नकारात्मक ऊर्जा की मौजूदगी का बड़ा संकेत है। ऐसी स्थिति में कुंडली के ग्रहों और घर के वास्तु की जांच कराना जरूरी हो जाता है।
2. रहस्यमयी दुर्गंध का आना
अगर घर में प्रवेश करते ही आपको किसी तरह की दुर्गंध (Bad Smell) महसूस होती है और काफी तलाशने के बाद भी आपको उसका स्रोत नहीं मिलता, तो इसे मामूली बात न समझें। वास्तु शास्त्र के अनुसार, बिना किसी कारण के आने वाली बदबू घर में व्याप्त भारी वास्तु दोष और नकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है।
3. परिवार के सदस्यों का बार-बार बीमार पड़ना
यदि आपके घर में एक सदस्य ठीक होता है और दूसरा बीमार पड़ जाता है, तो यह आपकी कुंडली में शनि, राहु या केतु के अशुभ प्रभाव का संकेत हो सकता है। जब नकारात्मक ऊर्जा घर की हवा में होती है, तो दवाओं का असर कम होने लगता है और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बार-बार परेशान करती हैं।
4. घर के माहौल में भारीपन और अजनबीपन
कई बार घर में प्रवेश करने के बाद आपको लगता है कि 'चीजें अब पहले जैसी नहीं रहीं'। घर के वातावरण में एक तरह का भारीपन महसूस होना या हर छोटी बात पर झगड़ा होना भी नकारात्मकता का लक्षण है। यह संकेत देता है कि आपके घर की सकारात्मक ऊर्जा (Positive Energy) का ह्रास हो चुका है।
नकारात्मकता दूर करने के प्रभावी उपाय
नमक से शुद्धिकरण: घर में पोंछा लगाते समय पानी में थोड़ा सा समुद्री नमक (Sea Salt) मिलाएं। यह नकारात्मक ऊर्जा को सोखने का सबसे प्राचीन और प्रभावी तरीका है।
मंत्रों का जाप और दीपक: प्रतिदिन सुबह और शाम घर के मंदिर में शुद्ध घी का दीपक जलाएं। गायत्री मंत्र या महामृत्युंजय मंत्र का नियमित जाप घर की वाइब्रेशन को बदल देता है।
वास्तु सलाह: यदि समस्याएं कम नहीं हो रही हैं, तो किसी योग्य वास्तु विशेषज्ञ से घर का निरीक्षण करवाएं और दोष निवारण के उपाय करें।
दिनचर्या में बदलाव: अपनी दिनचर्या को व्यवस्थित करें और सूर्योदय से पहले उठने की आदत डालें। सकारात्मक विचार और सात्विक जीवनशैली नकारात्मक शक्तियों को कमजोर करती है।




