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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा की द्वितीय वर्षगांठ के अवसर पर बुधवार को पौष शुक्ल द्वादशी तिथि पर रामलला का भव्य महाभिषेक संपन्न हुआ। अर्चकों ने सोने का मुकुट और पीतवस्त्र पहनाकर भगवान का श्रृंगार किया और छप्पन भोग अर्पित किया। अपराह्न 12 बजे प्राकट्य आरती के साथ यह कार्यक्रम समाप्त हुआ।

इस अवसर पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी गर्भगृह के सामने श्रद्धा के साथ आरती में शामिल हुए। आरती के बाद रक्षा मंत्री ने मुख्यमंत्री के साथ मिलकर रामजन्मभूमि परिसर के उत्तरी भाग में स्थित माता अन्नपूर्णा मंदिर के शिखर पर लाल रंग की धर्म ध्वजा का आरोहण किया। इसके बाद वह अंगद टीला पर पहुंचे और वहां उपस्थित रामभक्तों को संबोधित किया।

महाभिषेक और श्रृंगार का कार्यक्रम

सवेरा साढ़े नौ बजे रामलला का सरयू जल और पंचामृत (दूध, दही, घी, शक्कर और शहद) से अभिषेक हुआ। इसके बाद अर्चकों ने स्वर्णाभूषण और पीतवस्त्र पहनाकर भगवान का श्रृंगार किया। प्राकट्य आरती संपन्न होने के बाद प्रथम तल पर प्रतिष्ठित राजा राम को भी छप्पन भोग अर्पित किया गया।

ध्वजारोहण से पहले आचार्य अभिषेक पांडेय ने मंत्रोच्चार के साथ ध्वजा का पूजन किया। तत्पश्चात रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने डोरी खींचकर ध्वजारोहण किया, जिस पर मां अन्नपूर्णा का जयकारा गुंजायमान हुआ।

परिसर भ्रमण और भव्य दर्शन

ध्वजारोहण के बाद रक्षा मंत्री ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ परिसर का भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने भगवान शिव, गणेश, सूर्य, हनुमान, मां दुर्गा और शेषावतर मंदिरों का दर्शन किया। उन्होंने रामायणकालीन सप्तर्षियों के मंदिरों और कुबेर टीला का भी अवलोकन किया। कुबेरेश्वर महादेव का अभिषेक कर गिद्धराज जटायु की प्रतिमा के सामने फोटो खिंचाई।

भ्रमण के दौरान रक्षा मंत्री ने मंदिर निर्माण की जानकारी ली और मंदिर निर्माण के लिए सनातनी श्रद्धालुओं के धैर्य, त्याग और संघर्ष की सराहना की।

पहली बार रामजन्मभूमि पहुंचे राजनाथ सिंह

भव्य राम मंदिर परिसर का भ्रमण करते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह मंदिर की दिव्यता और भव्यता से प्रभावित हुए। माता अन्नपूर्णा मंदिर के शिखर पर ध्वजारोहण करते समय उनकी आंखें भावुकता से नम हो उठीं।