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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026' के दौरान यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए अर्द्धनग्न प्रदर्शन पर बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने कड़ी नाराजगी जताई है। उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (X) पर इस कृत्य की तीखी निंदा करते हुए इसे 'अति-अशोभनीय' करार दिया है।

मायावती ने स्पष्ट किया कि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर इस तरह की 'घटिया राजनीति' से दुनिया भर में भारत की छवि और प्रतिष्ठा को गंभीर चोट पहुँचती है।

"देश की इमेज बिगाड़ना निंदनीय"

बसपा सुप्रीमो मायावती ने शनिवार को सिलसिलेवार पोस्ट करते हुए कांग्रेस कार्यकर्ताओं के आचरण पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने लिखा:

"एआई इम्पैक्ट समिट में देश-विदेश के कई प्रमुख लोग आमंत्रित थे और यह इवेंट अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में था। इस दौरान जिन भी लोगों ने अर्द्धनग्न होकर रोष प्रकट किया, जिनमें अधिकतर कांग्रेसी युवा बताए जा रहे हैं, वह अति-अशोभनीय व निन्दनीय है।"

मायावती ने आगे नसीहत देते हुए कहा कि यदि यह सम्मेलन स्थानीय स्तर का होता तो बात अलग थी, लेकिन विदेशी मेहमानों के सामने ऐसा आचरण देश की गरिमा को ठेस पहुँचाने वाला है। उन्होंने जोर दिया कि विरोध के नाम पर देश की छवि खराब करना कतई उचित नहीं है।

क्या था पूरा मामला?

शुक्रवार को दिल्ली के भारत मंडपम में चल रहे एआई समिट के दौरान कांग्रेस के करीब 15 कार्यकर्ता ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराकर हॉल नंबर-5 में घुस गए थे।

प्रदर्शन का तरीका: कार्यकर्ताओं ने जैकेट पहनी हुई थी, जिसे अचानक उतारकर वे अर्द्धनग्न हो गए। उनकी टी-शर्ट पर पीएम नरेंद्र मोदी और भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के विरोध में नारे लिखे थे।

विदेशी मेहमानों की मौजूदगी: जिस समय यह हंगामा हुआ, वहाँ बड़ी संख्या में विदेशी प्रतिनिधि (डेलीगेट्स) मौजूद थे, जो भारत की तकनीकी प्रगति पर चर्चा कर रहे थे।

पुलिस की कार्रवाई: दिल्ली पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए प्रदर्शनकारियों को बाहर निकाला। इस दौरान पुलिस के साथ हाथापाई भी हुई।

चार गिरफ्तार, पुलिस रिमांड पर आरोपी

दिल्ली पुलिस ने इस मामले में तिलक मार्ग थाने में मुकदमा दर्ज कर चार मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अदालत से आरोपियों की पाँच दिन की रिमांड मांगी है ताकि इस साजिश के पीछे के मास्टरमाइंड का पता लगाया जा सके। पुलिस के अनुसार, ये कार्यकर्ता सुनियोजित तरीके से समिट को बाधित करने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत को बदनाम करने के इरादे से आए थे।

सियासी गलियारों में घेराबंदी

इस घटना के बाद से ही भाजपा और अन्य विपक्षी दलों ने कांग्रेस को निशाने पर ले लिया है। मायावती के इस सख्त रुख ने कांग्रेस को और अधिक रक्षात्मक स्थिति में ला दिया है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस 'शर्टलेस' प्रदर्शन ने कांग्रेस के लोकतांत्रिक विरोध के अधिकार को विवादों के घेरे में खड़ा कर दिया है।