चेन्नई में बनेगा ओलंपिक शहर, मोटर स्पोर्ट्स सिटी, युवाओं को देंगे रेसिंग की ट्रेनिंग... सीएम विजय का ऐलान
दक्षिण भारत के खेल इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय जोड़ते हुए तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने राज्य के युवाओं और खेल प्रेमियों के लिए एक बेहद ऐतिहासिक और क्रांतिकारी घोषणा की है। राजधानी चेन्नई में विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस 'तमिलनाडु ओलंपिक सिटी' और एक आधुनिक 'मोटर स्पोर्ट्स सिटी' बनाने का बड़ा ऐलान किया गया है। सरकार के इस बहुआयामी और दूरदर्शी कदम का मुख्य उद्देश्य राज्य और देश के उभरते हुए प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाएं, अत्याधुनिक ट्रेनिंग सेंटर और तकनीकी प्रशिक्षण उपलब्ध कराना है। विधानसभा में नियम 110 के तहत इस आशय की घोषणा करते हुए मुख्यमंत्री विजय ने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार तमिलनाडु को देश की खेल राजधानी के रूप में स्थापित करने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। इस घोषणा के सामने आने के बाद से ही देश भर के खेल जगत, मोटर रेसिंग प्रेमियों और युवाओं में जबरदस्त उत्साह का माहौल देखने को मिल रहा है, क्योंकि यह प्रोजेक्ट न केवल खेल संस्कृति को बढ़ावा देगा बल्कि रोजगार और पर्यटन के नए द्वार भी खोलेगा।
चेन्नई में बनेगा वर्ल्ड-क्लास ओलंपिक शहर और हाई-परफॉर्मेंस ट्रेनिंग सेंटर
तमिलनाडु सरकार की इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत चेन्नई में एक विशाल और अत्याधुनिक 'तमिलनाडु ओलंपिक सिटी' का निर्माण किया जाएगा, जिसे तमिलनाडु खेल विकास प्राधिकरण (SDAT) द्वारा विकसित किया जाएगा। इस ओलंपिक सिटी के अंदर अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप आधुनिक खेल परिसर, इंडोर और आउटडोर स्टेडियम, उच्च कोटि के खेल उपकरण और विश्वस्तरीय खेल विज्ञान एवं खेल चिकित्सा केंद्र (Sports Science and Sports Medicine Centres) स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा, यहां देश-विदेश से आने वाले खिलाड़ियों और उनके कोचों के ठहरने के लिए आधुनिक आवास की भी बेहतरीन व्यवस्था होगी। इस एकीकृत खेल केंद्र का मुख्य लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि तमिलनाडु के एथलीटों को किसी भी प्रकार की बुनियादी कमी का सामना न करना पड़े और वे कड़ी ट्रेनिंग पाकर ओलंपिक तथा अन्य अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में देश के लिए ज्यादा से ज्यादा पदक जीतकर ला सकें। सरकार की यह पहल जमीनी स्तर पर खेल प्रतिभाओं को तराशने और उन्हें ओलंपिक पोडियम तक पहुंचाने का एक मजबूत और ठोस माध्यम बनेगी।
मोटर स्पोर्ट्स सिटी का ऐलान, फॉर्मूला रेसिंग और युवाओं को मिलेगी विशेष ट्रेनिंग
ओलंपिक खेलों के साथ-साथ युवाओं के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहे मोटर स्पोर्ट्स को बढ़ावा देने के लिए चेन्नई में एक समर्पित 'मोटर स्पोर्ट्स सिटी' बनाए जाने का भी ऐलान किया गया है। इस आधुनिक मोटर स्पोर्ट्स सिटी में अंतरराष्ट्रीय स्तर का रेसिंग ट्रैक बनाया जाएगा, जहां भविष्य में फॉर्मूला 1 (F1), फॉर्मूला 2, फॉर्मूला 3 और फॉर्मूला 4 जैसी विश्व प्रसिद्ध कार रेसिंग प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा सकेगा। इस अत्याधुनिक परिसर में मोटर रेसिंग से जुड़े युवाओं को專業 ट्रेनिंग दी जाएगी ताकि वे वैश्विक स्तर पर देश का नाम रोशन कर सकें। सरकार के इस कदम से देश में मोटर स्पोर्ट्स के क्षेत्र में एक नई क्रांति आने की उम्मीद है, क्योंकि अभी तक भारत में इस स्तर की आधुनिक रेसिंग इंफ्रास्ट्रक्चर की कमी महसूस की जाती थी। मोटर स्पोर्ट्स सिटी के बनने से न केवल देश के युवा ड्राइवर्स को आगे बढ़ने का मौका मिलेगा, बल्कि यह वैश्विक ऑटोमोबाइल कंपनियों और बड़े निवेशकों को भी आकर्षित करेगा, जिससे राज्य की अर्थव्यवस्था को भी एक नई गति मिलेगी।
आर्थिक विकास, पर्यटन और रोजगार के नए अवसरों का होगा सृजन
मुख्यमंत्री विजय द्वारा उठाए गए इन बड़े खेल सुधार कदमों का असर केवल खेल के मैदान तक ही सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यह तमिलनाडु के समग्र विकास में एक मील का पत्थर साबित होगा। जब चेन्नई में ओलंपिक सिटी और मोटर स्पोर्ट्स सिटी जैसे मेगा प्रोजेक्ट्स जमीन पर उतरेंगे, तो इससे बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचे का विकास होगा और हजारों की संख्या में प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेल आयोजनों और रेस के शुरू होने से राज्य में खेल पर्यटन (Sports Tourism) को भी जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा, जिससे दुनिया भर से पर्यटक और खेल प्रेमी चेन्नई का रुख करेंगे। सरकार का यह दूरदर्शी विजन यह साबित करता है कि आधुनिक तकनीक और उत्कृष्ट खेल सुविधाओं के जरिए युवाओं की ऊर्जा का सकारात्मक उपयोग कैसे किया जा सकता है। आने वाले समय में ये परियोजनाएं तमिलनाडु को वैश्विक खेल मानचित्र पर एक विशिष्ट पहचान दिलाएंगी और देश के अन्य राज्यों के लिए भी एक रोल मॉडल के रूप में उभरेंगी, जिस पर हर देशवासी को गर्व होगा।