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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : न्याय के देवता और कर्मफल दाता शनि देव जल्द ही अपनी चाल बदलने जा रहे हैं। ज्योतिष शास्त्र में शनि का अस्त होना एक अत्यंत महत्वपूर्ण घटना मानी जाती है। इस साल 13 मार्च 2026, शुक्रवार को शाम 07:13 बजे शनि मीन राशि में अस्त होने जा रहे हैं। शनि लगभग 76 दिनों तक इसी अवस्था में रहेंगे और 26 मई 2026 को पुनः उदय होंगे।

ज्योतिषाचार्य डॉ. संजीव कुमार के अनुसार, शनि के अस्त होने से कई राशियों के लिए तरक्की के द्वार खुलेंगे और स्वास्थ्य संबंधी पुरानी समस्याओं से राहत मिलेगी। आइए जानते हैं आपकी राशि पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा:

राशियों पर प्रभाव: किसे मिलेगी तरक्की और किसका सुधरेगा स्वास्थ्य?

राशिप्रभाव (Horoscope Impact)
मेषकरियर और संपत्ति के मामलों में शुभ समाचार मिलेगा। जीवनसाथी का भरपूर सहयोग प्राप्त होगा।
वृषप्रॉपर्टी से धन लाभ के योग हैं। ऑफिस में सहकर्मियों का साथ मिलेगा और संतान सुख की प्राप्ति होगी।
मिथुनआर्थिक स्थिति मजबूत होगी। उन्नति के नए अवसर मिलेंगे और विदेश यात्रा के योग बन रहे हैं।
कर्कआपके काम की सराहना होगी। आय के नए स्रोत बनेंगे और व्यापार में मुनाफा बढ़ने की संभावना है।
सिंहनौकरी में पदोन्नति (Promotion) या नई जिम्मेदारी मिल सकती है। मेहनत का मीठा फल मिलेगा।
कन्यालंबे समय से अटके हुए काम पूरे होंगे। नई व्यापारिक योजनाएं सफल होंगी और सेहत में सुधार होगा।
तुलानिवेश (Investment) से लाभ मिलने के योग हैं। स्वास्थ्य बेहतर रहेगा और पुरानी योजनाओं में सफलता मिलेगी।
वृश्चिकमान-सम्मान और यश में वृद्धि होगी। घर में मांगलिक कार्य संपन्न होंगे और पारिवारिक सुख मिलेगा।
धनुआर्थिक स्थिति में सुधार होगा। नौकरी बदलने या करियर में बड़ी छलांग लगाने के अवसर मिलेंगे।
मकरकरियर में सकारात्मक बदलाव आएंगे। नई परियोजनाओं पर काम करने का मौका मिलेगा।
कुंभआर्थिक पक्ष मजबूत होगा, हालांकि करियर में थोड़ी भागदौड़ रह सकती है। यात्रा के योग हैं।
मीनव्यक्तिगत और पेशेवर जीवन में संतुलन बनेगा। तनाव कम होगा और करियर को नई दिशा मिलेगी।

शनि के अस्त होने का महत्व

जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत करीब आ जाता है, तो वह 'अस्त' हो जाता है। शनि के अस्त होने का अर्थ है कि उनका प्रभाव कुछ समय के लिए धीमा पड़ जाएगा। यह उन लोगों के लिए विशेष रूप से राहत भरा होता है जिन पर शनि की ढैया या साढ़ेसाती चल रही है, क्योंकि इस दौरान शनि का नकारात्मक प्रभाव कम हो जाता है।

सावधानी और उपाय

भले ही शनि के अस्त होने से कई राशियों को लाभ होगा, लेकिन कुंभ और मीन जैसी राशियों को अपने करियर और निवेश के फैसलों में थोड़ी सावधानी बरतनी चाहिए। इस दौरान शनिवार को पीपल के पेड़ के पास सरसों के तेल का दीपक जलाना और 'ॐ शं शनैश्चराय नमः' मंत्र का जाप करना शुभ फलदायी रहता है।