Prabhat Vaibhav,Digital Desk : कड़ाके की ठंड और घने कोहरे का असर रेल यातायात पर साफ नजर आ रहा है। ट्रेनों की रफ्तार थमने से यात्रियों को सफर के दौरान भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। शनिवार को सिवान जंक्शन के अलग-अलग प्लेटफार्मों पर कई ट्रेनें अपने तय समय से घंटों देरी से पहुंचीं, जिससे स्टेशन पर यात्रियों की भीड़ और बेचैनी बढ़ गई।
शनिवार को 14673 शहीद एक्सप्रेस करीब एक घंटे की देरी से पहुंची, जबकि 13020 बाघ एक्सप्रेस लगभग एक घंटे 50 मिनट लेट रही। 02563 बरौनी-नई दिल्ली क्लोन हमसफर स्पेशल को यात्रियों ने सबसे ज्यादा इंतजार किया, यह ट्रेन करीब छह घंटे 54 मिनट देरी से सिवान पहुंची। वहीं 14674 शहीद एक्सप्रेस पांच घंटे 30 मिनट, 15110 मथुरा-छपरा एक्सप्रेस चार घंटे 47 मिनट और 13019 बाघ एक्सप्रेस करीब पांच घंटे 50 मिनट की देरी से आई।
इसके अलावा अवध असम एक्सप्रेस, न्यू जलपाईगुड़ी-आनंद बिहार एक्सप्रेस, अमृत भारत एक्सप्रेस, बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस, वैशाली एक्सप्रेस, मौर्य एक्सप्रेस और लिच्छवी एक्सप्रेस सहित कई ट्रेनें एक से तीन घंटे या उससे अधिक की देरी से सिवान जंक्शन पहुंचीं। कुछ क्लोन हमसफर स्पेशल ट्रेनों की देरी तो नौ से बीस घंटे तक पहुंच गई, जिससे यात्रियों की परेशानी और बढ़ गई।
लेट ट्रेनों के साथ-साथ कई गाड़ियां रद्द भी रहीं। छपरा-गोरखपुर पैसेंजर, गोरखपुर-सिवान पैसेंजर, डिब्रूगढ़-चंडीगढ़ एक्सप्रेस, आनंद बिहार टर्मिनल-कामाख्या साप्ताहिक एक्सप्रेस और जन सेवा एक्सप्रेस के निरस्त रहने से यात्रियों को खासा दिक्कत झेलनी पड़ी।
ठंड और कोहरे के बीच स्टेशन पर इंतजार कर रहे यात्री बार-बार अपनी ट्रेनों की स्थिति जानने के लिए पूछताछ काउंटर पहुंचते नजर आए। कई यात्री मोबाइल ऐप और ऑनलाइन माध्यम से ट्रेन की जानकारी लेते रहे। लंबे इंतजार और अनिश्चितता के कारण यात्रियों में नाराजगी भी देखने को मिली।




