Prabhat Vaibhav,Digital Desk : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 की सियासी बिसात पर भारतीय जनता पार्टी ने अपना सबसे बड़ा कार्ड खेल दिया है। शुक्रवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कोलकाता में पार्टी का संकल्प पत्र जारी किया, जिसे 'विश्वास का वचन' नाम दिया गया है। इस घोषणापत्र के जरिए भाजपा ने न केवल ममता सरकार के 'भय' के शासन को चुनौती दी है, बल्कि राज्य की महिलाओं, युवाओं और सरकारी कर्मचारियों को साधने के लिए लुभावने वादों की झड़ी लगा दी है। अमित शाह ने स्पष्ट किया कि यह केवल एक दस्तावेज नहीं, बल्कि सोनार बांग्ला के पुनर्निर्माण का रोडमैप है।
महिलाओं के लिए 'महालक्ष्मी' सौगात और मुफ्त बस सेवा
भाजपा ने बंगाल की आधी आबादी को अपने पाले में करने के लिए मास्टरस्ट्रोक खेला है। संकल्प पत्र के अनुसार, सत्ता में आने पर राज्य की प्रत्येक महिला के बैंक खाते में हर महीने 3,000 रुपये की आर्थिक सहायता सीधे भेजी जाएगी। इसके साथ ही, सरकारी बसों में महिलाओं के लिए यात्रा पूरी तरह मुफ्त करने का वादा किया गया है। अमित शाह ने घोषणा की कि राज्य की 75 लाख महिलाओं को 'लखपति दीदी' बनाने का लक्ष्य रखा गया है और गर्भवती महिलाओं को 21,000 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाएगी।
भ्रष्टाचार पर श्वेत पत्र और घुसपैठ पर 'जीरो टॉलरेंस'
कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर ममता बनर्जी सरकार को घेरते हुए शाह ने कहा कि भाजपा सरकार बनते ही टीएमसी के कार्यकाल के भ्रष्टाचार और राजनीतिक हिंसा पर श्वेत पत्र जारी करेगी। राज्य में घुसपैठ को पूरी तरह खत्म करने के लिए 'डिटेक्ट, डिलीट और डिपोर्ट' (पहचानो, नाम हटाओ और निकालो) की नीति अपनाई जाएगी। इसके अलावा, गायों की तस्करी को जड़ से मिटाने के लिए बंगाल की सीमाओं को पूरी तरह सील करने का संकल्प लिया गया है।
सरकारी कर्मचारियों को सौगात: 45 दिन में 7वां वेतन आयोग
राज्य के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की लंबे समय से चली आ रही डीए (महंगाई भत्ता) की मांग को भाजपा ने अपने घोषणापत्र में प्रमुखता दी है। शाह ने वादा किया कि सरकार बनने के महज 45 दिनों के भीतर सातवां वेतन आयोग लागू कर दिया जाएगा। वहीं, बेरोजगार युवाओं के लिए भी पार्टी ने खजाना खोलते हुए नौकरी मिलने तक हर महीने 3,000 रुपये का भत्ता देने का ऐलान किया है।
स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचे का कायाकल्प
स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ा बदलाव लाते हुए भाजपा ने बंगाल में आयुष्मान भारत योजना लागू करने का वादा किया है, जिसे अब तक ममता सरकार ने राज्य में नहीं अपनाया था। कोलकाता को विश्व स्तरीय शहर बनाने के लिए मेट्रो नेटवर्क के विस्तार, ब्रिजों के सुदृढ़ीकरण और हल्दिया बंदरगाह के विकास की योजना पेश की गई है। इसके अलावा, उत्तर बंगाल में विकास की नई लहर लाने के लिए वहां IIT, AIIMS और IIM जैसे बड़े संस्थान खोलने का संकल्प लिया गया है।
UCC और सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण
अमित शाह ने एक और बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि भाजपा की सरकार बनने के छह महीने के भीतर राज्य में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। बंगाल की समृद्ध संस्कृति को संजोने के लिए 'वंदे मातरम संग्रहालय' और 'वंदे मातरम मिशन' की शुरुआत की जाएगी। संकल्प पत्र जारी करते हुए शाह ने अंत में कहा कि अब बंगाल की जनता दिल से बदलाव चाहती है और यह घोषणापत्र निराशा के अंधकार से निकलने का एकमात्र रास्ता है।




