Prabhat Vaibhav,Digital Desk : उत्तराखंड हाई कोर्ट ने देहरादून जिले के विकासनगर क्षेत्र के बरटोली गांव में लगाए गए कोलतार के हॉटमिक्स प्लांट को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए सख्त रुख अपनाया है। यह प्लांट शीतला नदी के नए पुल के पास लगाया गया था, जिस पर राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नियमों के उल्लंघन का आरोप है।
मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति जी नरेंद्र और न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ ने प्लांट के संचालन पर तत्काल रोक लगा दी है। साथ ही प्लांट संचालक कंपनी एए कंस्ट्रक्शन को नोटिस जारी करते हुए राज्य सरकार और राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से मामले की प्रगति रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 7 जनवरी की तारीख तय की है।
सुनवाई के दौरान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से अदालत को बताया गया कि यह हॉटमिक्स प्लांट तय पर्यावरणीय मानकों के अनुरूप संचालित नहीं हो रहा है। बोर्ड ने स्पष्ट किया कि प्लांट नियमों के खिलाफ चल रहा है और इसी सप्ताह संचालक कंपनी को कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा।
यह जनहित याचिका विकासनगर निवासी प्रदीप कुमार ने दायर की है। याचिका में बताया गया कि उनके गांव के पास से शीतला नदी बहती है और नदी के बेहद नजदीक, मात्र 200 मीटर की दूरी पर कोलतार का प्लांट लगाया गया है। इससे गांव की आबोहवा बुरी तरह प्रभावित हो रही है।
याचिका में यह भी कहा गया है कि प्लांट से निकलने वाले धुएं और प्रदूषण का असर बुजुर्गों, बच्चों और खेतीबाड़ी पर पड़ रहा है। क्षेत्र से गुजरने वाले लोगों को सांस लेने में परेशानी हो रही है और पर्यावरण को गंभीर नुकसान पहुंच रहा है। जनहित को ध्यान में रखते हुए याचिकाकर्ता ने प्लांट के संचालन पर रोक लगाने की मांग की थी, जिस पर हाई कोर्ट ने यह अहम आदेश दिया है।




