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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : मध्य पूर्व की धरती पर पिछले 40 दिनों से जारी बारूदी कोहराम पर आखिरकार विराम लग गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार, 8 अप्रैल 2026 को ईरान के साथ आधिकारिक युद्धविराम (Ceasefire) की घोषणा कर दी है। यह समझौता ऐसे वक्त में आया है जब पूरी दुनिया परमाणु युद्ध की आहट से सहमी हुई थी। ट्रंप ने ईरान के 'शांति प्रस्ताव' को व्यावहारिक बताते हुए विनाशकारी हमलों को दो सप्ताह के लिए रोकने का फैसला किया है।

इस ऐतिहासिक युद्धविराम से जुड़ी 10 सबसे बड़ी बातें जो आपको जाननी चाहिए:

1. ट्रंप का बड़ा फैसला: नहीं होंगे ईरान पर हमले

डोनाल्ड ट्रंप ने स्पष्ट किया है कि अमेरिका अब ईरान के बिजली संयंत्रों, पुलों और बुनियादी ढांचे (Infrastructure) को निशाना नहीं बनाएगा। उन्होंने ईरान के 10-सूत्रीय शांति प्रस्ताव को सकारात्मक बताया है और सैन्य कार्रवाई को निलंबित करने का आदेश दिया है।

2. होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने की शर्त

युद्धविराम की सबसे पहली और बड़ी शर्त होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को तुरंत खोलना है। ट्रंप ने कहा कि बमबारी तभी रुकेगी जब ईरान इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग से अंतरराष्ट्रीय जहाजों को सुरक्षित रास्ता देने पर सहमत होगा।

3. 'इस्लामाबाद वार्ता' पर टिकी दुनिया की नजर

शांति को स्थायी रूप देने के लिए 10 अप्रैल 2026 (शुक्रवार) को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडलों के बीच एक निर्णायक बैठक होगी। पाकिस्तान इस पूरे मामले में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है।

4. ईरान ने भी रोके अपने रक्षात्मक अभियान

तेहरान की ओर से बयान जारी कर कहा गया है कि यदि अमेरिका हमले रोकता है, तो उनकी सशस्त्र सेनाएं भी अपने तमाम रक्षात्मक और जवाबी ऑपरेशन बंद कर देंगी। ईरान अब अमेरिका के 15-सूत्रीय प्रस्ताव पर भी विचार कर रहा है।

5. दो हफ्तों के लिए सुरक्षित पारगमन

ईरान ने पुष्टि की है कि तकनीकी सीमाओं और सैन्य समन्वय को ध्यान में रखते हुए अगले दो सप्ताह के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों का सुरक्षित आवागमन संभव हो सकेगा। इससे वैश्विक तेल आपूर्ति में सुधार की उम्मीद है।

6. जीत के अपने-अपने दावे

जहाँ ईरान इसे अपनी कूटनीतिक जीत बता रहा है और दावा कर रहा है कि ट्रंप को उनकी शर्तें माननी पड़ीं, वहीं व्हाइट हाउस का कहना है कि अमेरिकी सेना के दबाव और सख्त घेराबंदी के कारण ही ईरान घुटनों पर आया और जलडमरूमध्य खोलने को तैयार हुआ।

7. इजरायल का रुख और जमीनी हकीकत

व्हाइट हाउस ने दावा किया है कि इजरायल भी ईरान पर बमबारी रोकने को तैयार है। हालांकि, इजरायली सैन्य हलकों से खबरें आ रही हैं कि कुछ मोर्चों पर हमले जारी हैं। तेल अवीव की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक सार्वजनिक बयान नहीं आया है।

8. खाड़ी देशों में अब भी अलर्ट जारी

युद्धविराम की घोषणा के बावजूद तनाव पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। सऊदी अरब, बहरीन और कुवैत जैसे खाड़ी देशों में अब भी मिसाइल चेतावनी (Missile Warning) जारी है, क्योंकि जमीनी स्तर पर छोटी-मोटी झड़पें होने की आशंका बनी हुई है।

9. ईरान की लंबी योजना और टैक्स का प्रस्ताव

रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान ओमान के साथ मिलकर होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों पर टैक्स लगाने की योजना बना रहा है, जिसका उपयोग वह युद्ध में हुए नुकसान की भरपाई के लिए करेगा। साथ ही ईरान ने अमेरिकी सेना की वापसी और जब्त संपत्तियों को मुक्त करने की मांग दोहराई है।

10. लेबनान में भी रुकेगी जंग

पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ ने बताया कि इस युद्धविराम के दायरे में इजरायल और हिजबुल्लाह के बीच लेबनान में चल रही लड़ाई को भी शामिल किया गया है। आने वाले दिनों में क्षेत्र में स्थायी शांति स्थापित होने की प्रबल संभावना है।