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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : उत्तर प्रदेश में आगामी पंचायत चुनाव को लेकर मचे सियासी घमासान के बीच प्रदेश के पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने बड़ा बयान दिया है। शुक्रवार को अतरौलिया स्थित निरीक्षण भवन में जनसुनवाई के दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार चुनाव कराने के लिए पूरी तरह तैयार है और इस मामले में न्यायालय के हर निर्देश का अक्षरशः पालन किया जाएगा।

कोर्ट के फैसले का इंतजार, तैयारी पूरी

मंत्री राजभर ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि पंचायत चुनाव से संबंधित मामला फिलहाल हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है।

अदालत का सम्मान: उन्होंने कहा, "सरकार का रुख साफ है; माननीय न्यायालय जो भी गाइडलाइन तय करेगा, हम उसी के अनुरूप आगे बढ़ेंगे।"

विभागीय मुस्तैदी: पंचायती राज विभाग की कमान संभालने के नाते उन्होंने भरोसा दिलाया कि जमीनी स्तर पर तैयारियां पुख्ता हैं और सरकार समयबद्ध तरीके से चुनाव कराने को लेकर गंभीर है।

अनिल राजभर पर तंज: 'अभी वह राजनीति में नए हैं'

हाल के दिनों में बीजेपी मंत्री अनिल राजभर द्वारा दिए गए बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए ओमप्रकाश राजभर ने अपने चिरपरिचित अंदाज में तंज कसा। उन्होंने कहा, "अनिल राजभर अभी राजनीति में नए और अनुभवहीन हैं, जबकि रिश्ते में हम उनके चाचा लगते हैं।" उन्होंने यह भी जोड़ा कि राज्य निर्वाचन आयोग और न्यायालय के निर्देशों के बीच पूरा सामंजस्य है।

सपा पर प्रहार: 'अपराधियों को संरक्षण देने वाली पार्टी'

आजमगढ़ के एक निजी अस्पताल में समाजवादी पार्टी (सपा) विधायक के गनर द्वारा अवैध असलहा लहराने की घटना पर मंत्री राजभर ने तीखा हमला बोला।

विधायक की भूमिका: उन्होंने आरोप लगाया कि सपा हमेशा से अपराधियों को संरक्षण देती आई है। उन्होंने मांग की कि इस मामले में केवल गनर ही नहीं, बल्कि संबंधित विधायक की भूमिका की भी गहन जांच होनी चाहिए।

पुरानी कार्यशैली: राजभर ने कहा कि सपा अपनी पुरानी कार्यशैली और मानसिकता से बाहर नहीं निकल पा रही है, जो प्रदेश की कानून व्यवस्था के लिए चुनौती है।

कैबिनेट मंत्री की इस टिप्पणी से साफ है कि पंचायत चुनाव की आहट के साथ ही प्रदेश में राजनीतिक पारा चढ़ने लगा है, खासकर पूर्वांचल के जिलों में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।