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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : कुछ दशक पहले तक सफेद बाल और गंजापन बुढ़ापे की निशानी माने जाते थे, लेकिन आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में यह धारणा पूरी तरह बदल चुकी है। अब 20 साल से कम उम्र के युवाओं में भी तेजी से झड़ते बाल और सफेदी एक गंभीर समस्या बन गई है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों की मानें तो हमारी खराब जीवनशैली, खान-पान में पोषक तत्वों की भारी कमी और हर वक्त का मानसिक तनाव बालों की सेहत का सबसे बड़ा दुश्मन बन गया है।

क्या केवल पिता के गंजेपन से झड़ते हैं आपके बाल?

हेयर फॉल के पीछे जेनेटिक्स यानी आनुवंशिकता को एक प्रमुख कारण माना जाता है। विज्ञान कहता है कि यदि आपके पिता या परिवार के अन्य पुरुष सदस्यों को गंजेपन की समस्या रही है, तो बच्चों में इसका खतरा कई गुना बढ़ जाता है। हालांकि, यह समस्या केवल पुरुषों तक सीमित नहीं है। आज के समय में महिलाएं भी बड़े पैमाने पर हेयर फॉल का शिकार हो रही हैं। महिलाओं में बालों की समस्याओं के पीछे पीसीओएस (PCOS), थायरॉयड का असंतुलन और शरीर में जरूरी विटामिन्स की कमी जैसे मुख्य कारण जिम्मेदार पाए गए हैं।

आंतों की सेहत और बालों का गहरा कनेक्शन

लाइफस्टाइल और जीन के अलावा, हालिया शोधों में एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। शोधकर्ताओं के अनुसार, आपकी 'गट हेल्थ' यानी आंतों का स्वास्थ्य सीधे तौर पर आपके बालों की मजबूती से जुड़ा है। यदि आपका पाचन तंत्र गड़बड़ है और पेट में अच्छे बैक्टीरिया की कमी है, तो आप कितने भी महंगे शैम्पू या तेल लगा लें, बाल झड़ना बंद नहीं होंगे। दरअसल, जब पेट खराब होता है, तो शरीर भोजन से उन सूक्ष्म पोषक तत्वों को अवशोषित नहीं कर पाता जो बालों की जड़ों को पोषण देते हैं।

पाचन ठीक नहीं तो झड़ेंगे बाल

विशेषज्ञों का कहना है कि अगर आप कब्ज, गैस या अपच जैसी समस्याओं से लगातार जूझ रहे हैं, तो इसका सीधा असर आपके स्कैल्प की सेहत पर पड़ता है। आंतों में होने वाली सूजन या इन्फ्लेमेशन बालों के रोम (हेयर फॉलिकल्स) को कमजोर कर देती है, जिससे बाल असमय सफेद होने लगते हैं और उनकी चमक खो जाती है। ऐसे में बालों के इलाज से पहले अपने पेट की सेहत सुधारना बेहद जरूरी है।