राहुल गांधी ने CM डीके शिवकुमार के साथ क्या किया कि भड़की BJP- पीढ़ियों के अहंकार

राहुल गांधी ने CM डीके शिवकुमार के साथ क्या किया कि भड़की BJP- पीढ़ियों के अहंकार

भारतीय राजनीति के गलियारों में कब कौन सी छोटी सी घटना एक बड़ा सियासी तूफान खड़ा कर दे, इसका अंदाजा लगाना कभी-कभी बहुत मुश्किल हो जाता है। कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) और कर्नाटक के मुख्यमंत्री व दिग्गज नेता डीके शिवकुमार (DK Shivakumar) से जुड़ा एक नया वीडियो सोशल मीडिया पर जंगल की आग की तरह फैल चुका है। इस वायरल वीडियो के सामने आने के बाद से दक्षिण भारत से लेकर राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली तक राजनीतिक सरगर्मी काफी तेज हो गई है। वीडियो में राहुल गांधी और डीके शिवकुमार के बीच मंच पर जिस प्रकार का शारीरिक हाव-भाव और संवाद दिखाई दे रहा है, उसे विपक्षी दल यानी भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने हाथों-हाथ लेते हुए कांग्रेस नेतृत्व पर तीखा हमला बोल दिया है। बीजेपी का आरोप है कि यह वीडियो कांग्रेस के भीतर शीर्ष नेतृत्व के अहंकार और क्षेत्रीय क्षत्रपों के प्रति उनके रवैये को पूरी तरह बेनकाब करता है।

आखिर क्या है उस वायरल वीडियो में और क्यों भड़की है बीजेपी?

सामने आए इस वीडियो क्लिप में देखा जा सकता है कि एक सार्वजनिक मंच पर कार्यक्रम के दौरान राहुल गांधी और डीके शिवकुमार किसी बात को लेकर आपस में बातचीत कर रहे हैं। इसी दौरान राहुल गांधी के हाव-भाव और उनके बॉडी लैंग्वेज को देखकर राजनीतिक विश्लेषकों और विरोधी दलों ने अपने-अपने तरीके से इसके मायने निकालने शुरू कर दिए हैं। जैसे ही यह वीडियो इंटरनेट पर वायरल हुआ, बीजेपी के कई राष्ट्रीय और प्रांतीय प्रवक्ताओं ने इसे शेयर करते हुए कांग्रेस पार्टी की कार्यशैली पर कड़े सवाल खड़े कर दिए। बीजेपी नेताओं का कहना है कि यह पहली बार नहीं है जब कांग्रेस के शीर्ष नेताओं द्वारा पार्टी के जमीनी या बड़े नेताओं के साथ इस तरह का व्यवहार किया गया हो, बल्कि यह उनके पुराने और स्थापित 'शाही रवैये' का एक हिस्सा है जो समय-समय पर दुनिया के सामने आ ही जाता है।

बीजेपी का तीखा हमला, कहा- 'यह पीढ़ियों का अहंकार और सामंती सोच है'

भारतीय जनता पार्टी के सोशल मीडिया हैंडल और आधिकारिक बयानों में इस वीडियो को लेकर सीधे तौर पर कांग्रेस पार्टी के पारिवारिक नेतृत्व और सामंती सोच पर निशाना साधा गया है। बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं ने तंज कसते हुए कहा कि 'हम क्या देख रहे हैं?' यह देश की जनता भली-भांति समझ रही है कि कैसे एक तरफ तो कांग्रेस पार्टी जनता के बीच जाकर संविधान और बराबरी की बात करती है, लेकिन बंद कमों और मंचों के पीछे उनके नेता अपने ही मुख्यमंत्रियों और वरिष्ठ सहयोगियों के साथ कैसा सुलूक करते हैं। बीजेपी ने इसे 'पीढ़ियों का अहंकार' (Generational Arrogance) करार देते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी आज भी राजा-महाराजाओं की तर्ज पर काम करती है, जहां क्षेत्रीय नेताओं का कोई आत्मसम्मान नहीं बचा है और उन्हें केवल एक मोहरे की तरह इस्तेमाल किया जाता है।

कांग्रेस पार्टी और समर्थकों की तरफ से किया गया पलटवार

दूसरी तरफ, इस तीखे हमले और वायरल वीडियो के तूल पकड़ने के बाद कांग्रेस पार्टी और उसके समर्थक भी पूरी आक्रामक मुद्रा में नजर आ रहे हैं। कांग्रेस के प्रवक्ताओं ने पलटवार करते हुए कहा है कि बीजेपी के पास इन दिनों कोई भी ठोस विकासात्मक मुद्दा नहीं बचा है, इसलिए वे और उनके आईटी सेल रोज किसी न किसी सामान्य वीडियो को तोड़-मरोड़कर पेश करते हैं और उसका राजनीतिकरण करने की घटिया कोशिश करते हैं। कांग्रेस का कहना है कि राहुल गांधी और डीके शिवकुमार के बीच आपसी संबंध बेहद प्रगाढ़ और सौहार्दपूर्ण हैं, तथा पार्टी कर्नाटक में पूरी एकजुटता के साथ सरकार चला रही है। कांग्रेस नेताओं ने साफ किया कि इस तरह के हथकंडों से जनता का ध्यान असल मुद्दों जैसे महंगाई, बेरोजगारी और प्रशासनिक विफलताओं से नहीं भटकाया जा सकता।

राजनीतिक विश्लेषकों की राय और आने वाले चुनावों पर इसका असर

इस पूरे विवाद पर टिप्पणी करते हुए राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इस तरह के वीडियो और उन पर होने वाली बयानबाजी भले ही क्षणिक रूप से सोशल मीडिया का ट्रेंड बन जाती हैं, लेकिन दक्षिण भारत के राजनीतिक समीकरणों पर इनका बहुत गहरा प्रभाव नहीं पड़ता है। हालांकि, बीजेपी इस प्रकार के छोटे-छोटे मुद्दों को तूल देकर कांग्रेस के भीतर गुटबाजी और आंतरिक खींचतान को हवा देने का कोई भी मौका हाथ से जाने नहीं देना चाहती। जैसे-जैसे आने वाले समय में अन्य राज्यों के चुनाव और राजनीतिक गतिविधियां तेज होंगी, इस प्रकार के वीडियो और जुबानी जंग राष्ट्रीय राजनीति की मुख्यधारा में और अधिक गरमाते हुए नजर आएंगे।