Prabhat Vaibhav,Digital Desk : सूखे मेवे (Dry Fruits) पोषक तत्वों का खजाना होते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि हृदय (Heart) और रक्तचाप (Blood Pressure) के लिए सभी मेवे एक जैसे फायदेमंद नहीं होते? केआईएमएस (KIMS) अस्पताल की मुख्य आहार विशेषज्ञ के अनुसार, सूखे मेवों का लाभ इस बात पर निर्भर करता है कि आप उनका चुनाव कैसे करते हैं और उन्हें कितनी मात्रा में खाते हैं। गलत तरीके से किया गया सेवन आपके स्वास्थ्य को फायदे के बजाय नुकसान भी पहुँचा सकता है।
हृदय और BP के लिए सबसे फायदेमंद मेवे
हृदय रोगियों और उच्च रक्तचाप (Hypertension) से जूझ रहे लोगों के लिए डॉ. शेख ने निम्नलिखित मेवों को सर्वोत्तम बताया है:
बादाम (Almonds): ये असंतृप्त वसा (Unsaturated Fats) और विटामिन-E से भरपूर होते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल कम करने में मदद करते हैं।
अखरोट (Walnuts): इनमें ओमेगा-3 फैटी एसिड प्रचुर मात्रा में होता है, जो धमनियों की सूजन कम करता है।
पिस्ता (Pistachios): एंटीऑक्सीडेंट और फाइबर का बेहतरीन स्रोत, जो ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखने में सहायक है।
किशमिश और अंजीर: ये सूक्ष्म पोषक तत्वों (Micronutrients) और फाइबर के अच्छे स्रोत हैं, लेकिन इन्हें सीमित मात्रा में ही लेना चाहिए।
प्रसंस्कृत (Processed) मेवों से रहें सावधान
बाजार में मिलने वाले कई सूखे मेवे आपके दिल के दुश्मन हो सकते हैं। डॉ. शेख की सलाह है कि:
नमक और शक्कर से बचें: रोस्टेड नमकीन मेवे या चाशनी में डूबे मेवे (जैसे शुगर-कोटेड नट्स) शरीर में सोडियम और शुगर की मात्रा बढ़ा देते हैं, जो सीधे BP और हार्ट हेल्थ पर बुरा असर डालते हैं।
सादे मेवे चुनें: हमेशा बिना किसी मिलावट वाले, सादे और असंसाधित (Unprocessed) मेवे ही खाएं।
मधुमेह (Diabetes) रोगियों के लिए खास टिप्स
चूंकि सूखे मेवों में प्राकृतिक शर्करा (Natural Sugar) की मात्रा अधिक होती है, इसलिए शुगर के मरीजों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए:
खाली पेट न खाएं: शुगर लेवल को अचानक बढ़ने से रोकने के लिए सूखे मेवों को खाली पेट खाने के बजाय भोजन के साथ या बाद में खाएं।
कॉम्बिनेशन: इन्हें अन्य नट्स के साथ मिलाकर खाने से रक्त शर्करा का स्तर संतुलित रहता है।
कितनी मात्रा है सही? (Daily Dosage)
हृदय को स्वस्थ रखने के लिए 'मुट्ठी भर' का नियम अपनाएं:
मात्रा: प्रतिदिन केवल 5-10 मेवे या 1-2 चम्मच सूखे मेवे ही पर्याप्त हैं।
वजन का खतरा: इससे अधिक सेवन करने से शरीर में कैलोरी बढ़ सकती है, जिससे वजन बढ़ता है। मोटापा हृदय रोगों का सबसे बड़ा कारण माना जाता है।




