Prabhat Vaibhav,Digital Desk : पंजाब को गैंगस्टर मुक्त बनाने के लक्ष्य के साथ पुलिस का विशेष अभियान ऑपरेशन प्रहार-2 पूरी सख्ती से जारी है। राज्यभर में चल रहे इस इंटेलिजेंस आधारित अभियान के तहत अब तक 1300 से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। अकेले श्री मुक्तसर साहिब जिले में दो दिनों के भीतर 86 बदमाशों को काबू किया गया, जिनमें आठ घोषित भगोड़े भी शामिल हैं।
दूसरे दिन भी तेज रही कार्रवाई
मंगलवार को अभियान के दूसरे दिन 45 और आरोपियों की गिरफ्तारी हुई। इस दौरान डीआईजी एएनटीएफ संजीव कुमार रामपाल और एसएसपी अभिमन्यु राणा ने खुद मोर्चा संभालते हुए पुलिस टीमों का नेतृत्व किया। जिले के चारों सब-डिवीजनों मुक्तसर, मलोट, गिद्दड़बाहा और लंबी में एक साथ दबिश देकर कार्रवाई को अंजाम दिया गया।
बाजार, स्टेशन और बस अड्डों पर अचानक चेकिंग
एसएसपी अभिमन्यु राणा ने बताया कि अभियान के तहत बाजारों, सार्वजनिक स्थलों, रेलवे स्टेशनों और बस अड्डों पर अचानक नाकाबंदी और सघन चेकिंग की जा रही है। संदिग्धों की पहचान के लिए फेस ऐप और वाहनों के आपराधिक रिकॉर्ड की जांच के लिए व्हीकल वेरिफिकेशन ऐप का इस्तेमाल किया जा रहा है।
550 पुलिसकर्मी, 71 टीमें मैदान में उतरीं
दूसरे दिन जिले में 550 पुलिस अधिकारी और कर्मचारी तैनात किए गए। 71 अलग-अलग टीमों ने गैंगस्टरों, उनके सहयोगियों, घोषित अपराधियों और संदिग्धों के ठिकानों पर लगातार रेड और सर्च ऑपरेशन चलाया। पुलिस का कहना है कि इस मुहिम से आम लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है।
फिरौती और धमकियों पर जीरो टॉलरेंस
डीआईजी संजीव कुमार रामपाल ने साफ कहा कि जो भी गैंगस्टर या अपराधी आम लोगों को फिरौती के लिए फोन कर धमकाने में शामिल है, उसे किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्त और कानूनी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
राज्यभर में एक साथ बड़ी छापेमारी
पंजाब पुलिस ने ‘गैंग्सटर ते वार’ अभियान के तहत सोमवार को 72 घंटे के विशेष ऑपरेशन प्रहार-2 की शुरुआत की थी। पहले ही दिन 2,760 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी कर 1,200 से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इस महाअभियान में करीब 12,000 पुलिसकर्मियों की 2,000 से ज्यादा टीमों को मैदान में उतारा गया।
डीजीपी की निगरानी में चल रहा अभियान
डीजीपी गौरव यादव के नेतृत्व में वरिष्ठ अधिकारी लगातार जिलों का दौरा कर अभियान की निगरानी कर रहे हैं। विशेष डीजीपी कानून एवं व्यवस्था अर्पित शुक्ला के अनुसार यह कार्रवाई विशेष रूप से वांछित अपराधियों, गैंगस्टरों और उनके पूरे नेटवर्क को तोड़ने पर केंद्रित है।




