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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : मशहूर पंजाबी गायक शुभदीप सिंह उर्फ सिद्धू मूसेवाला (Sidhu Moosewala) हत्याकांड में इंसाफ की जंग अब निर्णायक मोड़ पर पहुँच गई है। शुक्रवार, 6 मार्च को मानसा की जिला एवं सत्र अदालत में हुई सुनवाई के दौरान 6 चश्मदीद गवाहों ने अपने बयान दर्ज करवाए। कड़ी सुरक्षा के बीच हुई इस गवाही में उन लोगों ने वारदात वाली शाम (29 मई 2022) का आंखों देखा हाल बयां किया, जब जवाहरके गांव के पास मूसेवाला की 'काली थार' को चारों तरफ से घेरकर गोलियों से छलनी कर दिया गया था।

"वो मंजर आज भी डराता है": गवाहों का बड़ा खुलासा

अदालत के सामने पेश हुए गवाहों में वे लोग शामिल थे जो वारदात के समय मूसेवाला की गाड़ी के ठीक पीछे या पास में मौजूद थे। एक गवाह ने बताया कि कैसे दो कारों (बोलेरो और कोरोला) ने अचानक मूसेवाला की थार को ओवरटेक कर रोका और बिना किसी चेतावनी के अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। गवाहों ने हमलावरों के हुलिए और उनके पास मौजूद आधुनिक हथियारों (जैसे AN-94) के बारे में भी महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। अभियोजन पक्ष (Prosecution) के मुताबिक, ये गवाहियां आरोपितों को सजा दिलाने में सबसे मजबूत कड़ी साबित होंगी।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश हुए 'मास्टरमाइंड'

सुरक्षा कारणों से इस हत्याकांड के मुख्य आरोपित और मास्टरमाइंड लॉरेंस बिश्नोई और जग्गू भगवानपुरिया को व्यक्तिगत रूप से कोर्ट नहीं लाया गया। उन्हें जेल से ही वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के जरिए पेश किया गया। वहीं, कुछ अन्य आरोपितों को पंजाब की अलग-अलग जेलों से कड़ी सुरक्षा के बीच मानसा कोर्ट लाया गया था। अदालत परिसर को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया था और किसी भी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश पर पाबंदी लगा दी गई थी।

पिता बलकौर सिंह और मां चरण कौर की कोर्ट में मौजूदगी

बेटे को इंसाफ दिलाने की लड़ाई लड़ रहे सिद्धू मूसेवाला के पिता बलकौर सिंह और मां चरण कौर भी सुनवाई के दौरान कोर्ट रूम में मौजूद थे। बलकौर सिंह ने मीडिया से संक्षिप्त बातचीत में कहा कि उन्हें देश की न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ 'बड़ी मछलियां' अभी भी कानून की पकड़ से बाहर हैं और वे तब तक चैन से नहीं बैठेंगे जब तक हर एक दोषी को फांसी की सजा नहीं मिल जाती।

ट्रायल में अब तक क्या हुआ?

कुल आरोपित: अब तक 31 से ज्यादा आरोपितों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल हो चुकी है।

गवाहों की सूची: अभियोजन पक्ष ने 100 से अधिक गवाहों की सूची तैयार की है।

अगली सुनवाई: अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 20 मार्च 2026 की तारीख तय की है, जिसमें अन्य महत्वपूर्ण गवाहों के बयान दर्ज किए जाएंगे।