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Prabhat Vaibhav,Digital Desk : पंजाब के जालंधर महानगर में एक बार फिर दहशत का माहौल है। शहर के प्रतिष्ठित स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी भरी ईमेल मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गई हैं। इस बार न केवल शिक्षण संस्थानों, बल्कि मुख्यमंत्री भगवंत मान, 'आप' नेता अरविंद केजरीवाल और संविधान निर्माता डॉ. बीआर अंबेडकर की प्रतिमाओं को भी निशाना बनाने की खौफनाक चेतावनी दी गई है।

'खालिस्तान नेशनल आर्मी' के नाम से आई धमकी भरी मेल

ताजा घटनाक्रम में जालंधर के डीपीएस (DPS), मायर वर्ल्ड (Mayor World) और एमजीएन (MGN) स्कूलों को धमकी भरी ईमेल प्राप्त हुई है। खुद को 'खालिस्तान नेशनल आर्मी' बताने वाले संगठन की ओर से भेजी गई इस मेल में दावा किया गया है कि वे स्कूलों को बम से उड़ा देंगे। इसके साथ ही, मेल में मुख्यमंत्री भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल के लिए बेहद आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते हुए उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई है।

श्री राम आश्रम स्कूल खाली कराया, फिरोजपुर कोर्ट में भी अलर्ट

धमकी मिलने की सूचना मिलते ही श्री राम आश्रम सीनियर सेकेंडरी स्कूल में हड़कंप मच गया। पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर स्कूल परिसर को खाली करवाया और सर्च ऑपरेशन शुरू किया। दहशत का यह सिलसिला केवल जालंधर तक सीमित नहीं रहा; फिरोजपुर की जिला अदालत को भी इसी तरह की धमकी भरी ईमेल मिली, जिसके बाद सोमवार को पूरे कोर्ट परिसर को खाली करवाकर सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। अमृतसर की अदालतों को भी इसी तरह के अलर्ट पर रखा गया है।

बैसाखी पर 'बड़े हमले' की साजिश का जिक्र

यह पहली बार नहीं है जब पंजाब के स्कूलों को निशाना बनाया गया है। इससे पहले 16 मार्च को भी रामा मंडी क्षेत्र के एपीजे स्कूल, सीटी वर्ल्ड और कैंब्रिज स्कूल को ऐसी ही मेल मिली थी। ताजा ईमेल में विशेष रूप से बैसाखी के दिन बड़े हमले करने की योजना का जिक्र है। उपद्रवियों ने डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर की प्रतिमाओं (बुतों) को भी बम से उड़ाने की चेतावनी दी है, जिससे सांप्रदायिक तनाव फैलने की आशंका जताई जा रही है।

पुलिस और प्रशासन मुस्तैद: अफवाह या बड़ी साजिश?

जालंधर पुलिस कमिश्नरेट और खुफिया विभाग इस ईमेल के सोर्स की जांच कर रहे हैं। हालांकि पुलिस इसे शरारती तत्वों की करतूत मानकर चल रही है, लेकिन बैसाखी के त्योहार और वीवीआईपी (VVIP) सुरक्षा को देखते हुए कोई जोखिम नहीं लिया जा रहा है। साइबर सेल की टीम मेल के आईपी एड्रेस (IP Address) को ट्रेस करने में जुटी है ताकि धमकी देने वालों तक पहुँचा जा सके। अभिभावकों और नागरिकों से शांति बनाए रखने और किसी भी संदिग्ध वस्तु की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की गई है।